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सस्पेंडेड IPS रतनलाल डांगी मामला: यौन शोषण के आरोपों की सीनियर महिला IAS से जांच कराने की मांग, हाईकोर्ट में याचिका दायर

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रायपुर 2 अगस्त : छत्तीसगढ़ के चर्चित मामलों में नया मोड़ आ गया है। सस्पेंडेड IPS अधिकारी रतनलाल डांगी पर यौन शोषण का गंभीर आरोप लगाने वाली सब-इंस्पेक्टर (SI) की पत्नी ने अब न्याय की गुहार लगाते हुए छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में रिट याचिका दायर की है। पीड़िता का पक्ष रख रहे एडवोकेट अभिषेक पांडेय के माध्यम से दाखिल इस याचिका में पुलिस विभाग के अधिकारियों से निष्पक्ष जांच न मिलने की आशंका जताते हुए किसी सीनियर महिला IAS अधिकारी से जांच कराने की प्रमुख मांग की गई है।

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मुख्य मांगें:

  • सीनियर महिला IAS से जांच: मामले की निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए जांच का जिम्मा किसी वरिष्ठ महिला IAS अधिकारी को सौंपा जाए।

  • अवैध संपत्ति की जांच: आरोपी IPS अधिकारी की कथित अवैध संपत्ति की भी उच्चस्तरीय जांच हो।

  • सेवा से बर्खास्तगी: आरोप सिद्ध होने पर आरोपी अधिकारी को शासकीय सेवा से बर्खास्त किया जाए।

योग क्लास के दौरान शुरू हुआ था सिलसिला

याचिका में पीड़िता ने बताया कि वह योग सिखाती हैं। इसी दौरान उनकी पहचान तत्कालीन पुलिस महानिरीक्षक (IG) रतनलाल डांगी से हुई थी। शुरुआत में ऑनलाइन योग क्लास के जरिए सामान्य बातचीत होती थी, लेकिन आरोप है कि कुछ महीनों बाद अधिकारी ने वीडियो कॉल पर अवांछित और आपत्तिजनक हरकतें करना शुरू कर दिया।

धमकी और डिजिटल सबूत

महिला का आरोप है कि विरोध करने पर उन्हें और उनके पति (जो पुलिस विभाग में सेवारत हैं) को गंभीर परिणाम भुगतने और नौकरी से बर्खास्त कराने की धमकियां दी गईं। पीड़िता का दावा है कि उन्होंने इस पूरी घटना से जुड़े व्हाट्सएप चैट और वीडियो कॉल के तमाम डिजिटल सबूत सुरक्षित रखे हैं। इन पुख्ता साक्ष्यों के आधार पर उन्होंने 15 अक्टूबर 2025 को पुलिस महानिदेशक (DGP) को लिखित शिकायत सौंपी थी।

जांच अधिकारियों पर उठाए सवाल

शिकायत के बाद तत्कालीन IG आनंद छाबड़ा और तत्कालीन DIG मिलना कुर्रे को जांच की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। हालांकि, याचिका में इस बात पर आपत्ति जताई गई है कि एक जांच अधिकारी आरोपी के समकक्ष रैंक के थे और दूसरे अधिकारी उनसे जूनियर थे, जिसके चलते निष्पक्षता की उम्मीद नहीं है।

इस मामले में छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में अगले सप्ताह सुनवाई होने की संभावना है।

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