मुख्य बातें
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विवाद की वजह: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा ‘आदिवासी’ की जगह ‘वनवासी’ शब्द का इस्तेमाल करने पर नाराजगी।
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प्रदर्शन स्थल: खरोरा के तिल्दा रोड तिगड्डा चौक पर हुआ पुतला दहन।
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प्रमुख मांग: आदिवासी समाज की पहचान और संवैधानिक सम्मान से कोई समझौता नहीं।
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खरोरा 31 मई । केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा ‘आदिवासी’ शब्द के स्थान पर ‘वनवासी’ शब्द का उपयोग किए जाने को लेकर सियासी बवाल शुरू हो गया है। कांग्रेस ने इसे आदिवासी समाज की अस्मिता और संवैधानिक पहचान पर हमला बताया है। इसी विरोध के चलते शनिवार शाम को आदिवासी कांग्रेस कमेटी ब्लॉक खरोरा के अध्यक्ष अमित उइके के नेतृत्व में तिल्दा रोड तिगड्डा चौक पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का पुतला दहन कर उग्र प्रदर्शन किया गया।
आदिवासी सम्मान के लिए एकजुट हुई कांग्रेस
इस प्रदर्शन में कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं, पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने बड़ी संख्या में हिस्सा लिया। सभा को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि आदिवासी समाज की एक ऐतिहासिक पहचान और संवैधानिक अधिकार हैं। उनके मूल नाम को बदलकर ‘वनवासी’ करना उनके अधिकारों और सम्मान को कमतर आंकने की कोशिश है, जिसे किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा।
प्रदर्शन में ये दिग्गज नेता रहे मौजूद
आदिवासी समाज के हक की इस लड़ाई में क्षेत्र के कई बड़े कांग्रेसी नेता शामिल हुए, जिनमें मुख्य रूप से शामिल रहे: राजेन्द्र ‘पप्पू’ बंजारे (अध्यक्ष, जिला रायपुर ग्रामीण कांग्रेस कमेटी), अनीता शर्मा (पूर्व विधायक), दिलदार कुमरे (अध्यक्ष, जिला आदिवासी कांग्रेस) , अश्वनी वर्मा (अध्यक्ष, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी खरोरा) , नीतू साहू (जिला महामंत्री) , भागबली ध्रुव (जिला सदस्य)रविंदर ‘बबलू’ भाटिया (मंडल अध्यक्ष, खरोरा) , ,होलेराम पोर्ते (उपाध्यक्ष, जिला आदिवासी कांग्रेस)।
शांतिपूर्ण समापन और आभार प्रदर्शन
अमित शाह के खिलाफ जमकर नारेबाजी करने और पुतला दहन के बाद यह प्रदर्शन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। कार्यक्रम के अंत में आदिवासी कांग्रेस कमेटी ब्लॉक खरोरा के अध्यक्ष अमित उइके ने आंदोलन को सफल बनाने के लिए उपस्थित सभी वरिष्ठ नेताओं, पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं का आभार व्यक्त किया।








