बिलासपुर (25 अगस्त 2026): साइबर अपराधों से बचाव और आमजन को सतर्क करने के उद्देश्य से बिलासपुर पुलिस द्वारा “साइबर जागृति अभियान” के तहत SECL मुख्यालय बिलासपुर एवं द्वितीय वाहिनी (छसबल) सकरी में विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।


साइबर सुरक्षा और बचाव के उपाय
SECL मुख्यालय के सभागार में आयोजित कार्यक्रम में बिलासपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक (IG) रामगोपाल गर्ग ने अधिकारियों और कर्मचारियों को संबोधित करते हुए कहा कि साइबर अपराध के मुख्य तीन आधार हैं—आपका मोबाइल, ठग का मोबाइल और आपका बैंक अकाउंट। उन्होंने बताया कि ठग मानसिक और भावनात्मक दबाव बनाकर ठगी करते हैं। कार्यक्रम में OTP फ्रॉड, KYC अपडेट, फर्जी लिंक, APK फाइल, सोशल मीडिया फ्रॉड, डिजिटल अरेस्ट और ऑनलाइन निवेश ठगी से बचाव के तरीके साझा किए गए।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) रजनेश सिंह ने लोगों को सचेत करते हुए कहा कि किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ OTP, PIN, CVV या बैंक विवरण साझा न करें। रिश्तेदार, बैंक अधिकारी या पुलिस बनकर आने वाले संदिग्ध कॉल पर धैर्य रखें और वास्तविकता की जांच करें। साइबर ठगी होने पर तुरंत राष्ट्रीय हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराने की सलाह दी गई।
द्वितीय वाहिनी सकरी में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) श्रीमती मधुलिका सिंह ने अधिकारियों एवं कर्मचारियों को लालच में न आने, अनजान लिंक पर क्लिक न करने और तुरंत 1930 पर संपर्क करने के निर्देश दिए।
विशेष पहल: ‘रक्षा सूत्र’ और ऑनलाइन प्रश्नोत्तरी
रक्षाबंधन के अवसर पर साइबर सुरक्षा का संदेश देने के लिए ‘एक रक्षा सूत्र साइबर जागृति हेतु’ का शुभारंभ किया गया और उपस्थित लोगों को राखी बांधी गई। इसके साथ ही बिलासपुर पुलिस द्वारा सोशल मीडिया पर एक साइबर जागरूकता प्रश्नोत्तरी (Quiz) लिंक जारी किया गया है। इसमें सही उत्तर देने वाले प्रतिभागियों को उनके ईमेल पर बिलासपुर पुलिस द्वारा प्रमाण पत्र प्रदान किया जा रहा है। आमजन से बिलासपुर पुलिस के फेसबुक व इंस्टाग्राम पेज से जुड़ने और QR कोड स्कैन कर अपनी सेल्फी पोस्ट करने की अपील की गई।
उपस्थिति कार्यक्रम में पुलिस महानिरीक्षक रामगोपाल गर्ग, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) श्रीमती मधुलिका सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) रामगोपाल करियारे, उप पुलिस अधीक्षक तिलेश्वर प्रसाद यादव, उप पुलिस अधीक्षक (लाइन) श्रीमती मंजुलता केरकेट्टा उपस्थित रहे। वहीं SECL की ओर से निदेशक (तकनीकी एवं परिचालन) एन. फ्रैंकलिन जयकुमार, निदेशक (मानव संसाधन) बिरंची दास, निदेशक (तकनीकी, परियोजना एवं योजना) रमेश चंद्र महापात्र सहित बड़ी संख्या में अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद थे।








