रायपुर छत्तीसगढ़ 6 जनवरी 2026 : छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित शराब घोटाले में जांच का शिकंजा अब और कसता जा रहा है। प्रवर्तन निदेशालय (ED) के बाद अब राज्य की आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा (EOW) ने पूर्व मुख्यमंत्री की उप-सचिव रही सौम्या चौरसिया के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। ताजा जानकारी के मुताबिक, EOW ने कोर्ट में चौरसिया की हिरासत के लिए प्रोडक्शन वारंट का आवेदन लगाया है।
शिकंजा कसने की तैयारी
सौम्या चौरसिया, जो पहले से ही कोयला लेवी मामले में जेल में बंद हैं, अब शराब घोटाले में भी आधिकारिक तौर पर आरोपी बनाई जा सकती हैं। जानकारों का मानना है कि EOW द्वारा प्रोडक्शन वारंट मांगना इस बात का स्पष्ट संकेत है कि उनकी गिरफ्तारी अब महज कुछ समय की बात है।
मामले के मुख्य बिंदु
-
सक्रिय हुई EOW: ईडी द्वारा हाल ही में की गई गिरफ्तारियों के बाद अब राज्य की एजेंसी ने जांच की गति तेज कर दी है।
-
क्या है आरोप: शराब घोटाले में सिंडिकेट के जरिए अवैध उगाही और मनी लॉन्ड्रिंग में सौम्या चौरसिया की महत्वपूर्ण भूमिका होने का संदेह है।
-
राजनीतिक गलियारों में हलचल: इस कदम को राज्य की राजनीति और कानून-व्यवस्था के लिहाज से एक बड़ा घटनाक्रम माना जा रहा है, क्योंकि चौरसिया पिछली सरकार में बेहद प्रभावशाली पद पर थीं।
आगे क्या होगा?
सूत्रों के अनुसार, कोर्ट से अनुमति मिलते ही EOW सौम्या चौरसिया को रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी। इस पूछताछ में कई बड़े सफेदपोशों और रसूखदारों के नाम सामने आने की संभावना है। पुलिस और EOW की टीमें इस समय सिंडिकेट के अन्य सदस्यों की धरपकड़ के लिए लगातार छापेमारी कर रही हैं।








