कोरबा : शहर में ड्यूटी के दौरान नगर निगम के स्वच्छता निरीक्षक के साथ अभद्र व्यवहार और जान से मारने की धमकी देने का मामला सामने आया है। मुख्य मार्ग पर दुकान के सामने कचरा फेंकने से रोकने पर दुकानदार ने निरीक्षक को धमकाया और रसूख का हवाला देते हुए गंभीर परिणाम भुगतने की बात कही। पुलिस ने इस मामले में आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
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प्रमुख बिंदु:
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घटना का स्थान: पावर हाउस रोड (राहुल बैग हाउस के सामने), कोरबा।
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पीड़ित: उत्तम दास महंत (59 वर्ष), स्वच्छता निरीक्षक, नगर पालिक निगम कोरबा।
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आरोपी: अजय धामेचा और दीपक धामेचा (संचालक, राहुल बैग हाउस)।
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दर्ज मामले: भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296, 3(5) और 351(3)।
क्या है पूरा मामला?
घटना बीती 30 जून की शाम लगभग 6 बजे की है। निगम के स्वच्छता निरीक्षक उत्तम दास महंत अपने अधीनस्थ कर्मचारियों (सतानंद द्विवेदी, सचिन्द्र थवाईत, शैलेंद्र नामदेव, पंकज गबेल और अजीत परमहंस) के साथ तानसेन चौक से बुधवारी बाजार और पावर हाउस रोड क्षेत्र में सफाई व्यवस्था का निरीक्षण कर रहे थे।
निरीक्षण के दौरान जब टीम राहुल बैग हाउस के सामने पहुँची, तो वहाँ कचरे का ढेर मिला। उसी समय दुकान संचालक अजय धामेचा मुख्य मार्ग पर कचरा फेंक रहा था।
धमकी और राजनीतिक रसूख का रौब
जानकारी के अनुसार जब स्वच्छता निरीक्षक उत्तम दास ने उसे कचरा सड़क पर फेंकने से मना किया, तो अजय धामेचा और उसका बड़ा भाई दीपक धामेचा आक्रोशित हो गए। आरोप है कि दोनों भाइयों ने न सिर्फ गाली-गलौज की, बल्कि जान से मारने की धमकी भी दी।
प्रार्थी एव प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आरोपियों ने धौंस जमाते हुए कहा कि स्थानीय मंत्रियों और नेताओं का नाम लेकर कहा कि वे उनका भी कुछ नहीं बिगाड़ सकते। आरोपियों ने यहाँ तक धमकी दी कि उनकी पहुँच इतनी ऊपर है कि वे निगम कार्यालय में घुसकर पिटवा देंगे।
पुलिस कार्रवाई
घटना से आक्रोशित निगम कर्मचारियों और स्वच्छता निरीक्षक ने इसकी शिकायत तुरंत कोतवाली थाना में दर्ज कराई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी अजय धामेचा और दीपक धामेचा के विरुद्ध BNS की धारा 296, 3(5), 351(3) के तहत जुर्म दर्ज कर मामले की विवेचना शुरू कर दी है।








