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दुनिया के वो 36 देश, जो बिना सेना के भी हैं ‘अजेय’: न टैंक, न मिसाइल, फिर कौन करता है इनकी हिफाजत?

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इंटरनेशनल डेस्क: जहाँ एक तरफ दुनिया के ताकतवर मुल्क अपनी सेना और घातक हथियारों पर पानी की तरह पैसा बहा रहे हैं, वहीं दूसरी ओर दुनिया के नक्शे पर 36 ऐसे देश और क्षेत्र भी मौजूद हैं जिन्होंने ‘शांति’ को ही अपना सबसे बड़ा हथियार बना लिया है। आपको जानकर हैरानी होगी कि इन देशों के पास अपनी कोई आधिकारिक सेना नहीं है, फिर भी कोई इनकी तरफ आँख उठाकर देखने की हिम्मत नहीं करता।

महाशक्तियों का ‘सुरक्षा कवच’

इन देशों की निडरता के पीछे का सबसे बड़ा राज है— अंतरराष्ट्रीय रक्षा समझौते (Defense Pacts)। इन मुल्कों ने खुद की फौज खड़ी करने के बजाय दुनिया की महाशक्तियों के साथ हाथ मिलाया है।

  • भारत का साथ: हमारे पड़ोसी देश भूटान की सुरक्षा की जिम्मेदारी भारत के पास है। इसी तरह मॉरीशस की रक्षा के लिए भी भारत हमेशा ढाल बनकर खड़ा रहता है।

  • अमेरिका और NATO: पलाऊ, माइक्रोनेशिया और मार्शल आइलैंड्स जैसे देशों की सुरक्षा का जिम्मा सीधे तौर पर अमेरिका संभालता है। वहीं आइसलैंड के पास अपनी फौज नहीं है, लेकिन NATO का सदस्य होने के कारण उस पर हमला पूरी दुनिया के 30 से ज्यादा देशों पर हमला माना जाता है।

  • यूरोपीय देशों का साथ: वेटिकन सिटी और सैन मैरिनो की रक्षा इटली करता है, जबकि मोनाको की सुरक्षा की जिम्मेदारी फ्रांस ने ली हुई है।

सेना नहीं, पर सुरक्षा है ‘हाई-टेक’

कोस्टा रिका जैसे देशों ने तो अपने संविधान से ही सेना को खत्म कर दिया है। यहाँ सेना की जगह पुलिस और पैरामिलिट्री फोर्स को इतना आधुनिक और प्रशिक्षित बनाया गया है कि वे आंतरिक सुरक्षा और सीमाओं की निगरानी पूरी मुस्तैदी से करते हैं।

ईरान-इजरायल युद्ध और इन देशों की चिंता

वर्तमान में मिडिल ईस्ट में बढ़ते बारूद के ढेर ने इन देशों को भी सोचने पर मजबूर कर दिया है। विशेषज्ञ मानते हैं कि यदि वैश्विक युद्ध की स्थिति बनती है, तो इन शांतिप्रिय देशों पर आर्थिक दबाव और महंगाई की मार सबसे ज्यादा पड़ेगी। साथ ही, जिन महाशक्तियों ने इनकी सुरक्षा की गारंटी ली है, अगर वे खुद युद्ध में उलझती हैं, तो इन 36 क्षेत्रों के लिए नया सुरक्षा संकट पैदा हो सकता है।


प्रमुख देशों की लिस्ट (किसके भरोसे हैं ये देश?)

बिना सेना वाले 36 देशों और क्षेत्रों की लिस्ट

1=वानुआतु (Vanuatu): यहां कोई सेना नहीं है, लेकिन एक छोटी पैरामिलिट्री फोर्स है, जिसे ऑस्ट्रेलिया, चीन, फ्रांस, न्यूजीलैंड और अमेरिका की तरफ से ट्रेनिंग और मदद मिलती है.
2=सोलोमन आइलैंड्स: ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड यहां की पुलिस को ट्रेनिंग और मदद देते हैं.
3=तुवालु (Tuvalu): स्थापना के समय से कोई सेना नहीं. इसकी पुलिस को ऑस्ट्रेलिया से सहायता मिलती है.
4=पलाऊ: कोई सेना नहीं. कम से कम 2044 तक इसकी सुरक्षा की पूरी जिम्मेदारी अमेरिका की है.
5=माइक्रोनेशिया: यहां भी कोई सेना नहीं है. रक्षा का जिम्मा अमेरिका के पास है.
6=पनामा: 1990 में सेना भंग कर दी गई और 1994 के संविधान में इसे खत्म कर दिया गया. यहां केवल कुछ विशेष अर्धसैनिक इकाइयां हैं.
7=मॉरीशस: 1968 में सेना भंग कर दी गई थी, लेकिन यहां स्पेशल मोबाइल फोर्स है. इसका प्राथमिक सुरक्षा भागीदार भारत है.
8=ग्रेनाडा: 1983 में सेना भंग कर दी गई. यह कैरिबियन क्षेत्रीय सुरक्षा प्रणाली (RSS) का सदस्य है.
9=डोमिनिका: 1981 में सेना भंग कर दी गई. यह भी RSS का हिस्सा है.
10=कोस्टा रिका: 1948 में सेना को पूरी तरह खत्म कर दिया गया. यहां की विशेष पुलिस इकाइयों को अमेरिका और कोलंबिया प्रशिक्षित करते हैं.
11=सेंट लूसिया (Saint Lucia): यह देश कैरिबियन क्षेत्रीय सुरक्षा प्रणाली (RSS) का सदस्य है.
12=सेंट विंसेंट और ग्रेनेडाइंस (Saint Vincent and the Grenadines): सुरक्षा के लिए RSS पर निर्भर.
13=वेटिकन सिटी: आंतरिक सुरक्षा स्विस गार्ड और पुलिस संभालती है, लेकिन युद्ध की स्थिति में रक्षा का जिम्मा इटली का होगा.
14=प्यूर्टो रिको (Puerto Rico): इसकी रक्षा की पूरी जिम्मेदारी अमेरिका की है.
15=केमैन आइलैंड्स: रक्षा का जिम्मा यूनाइटेड किंगडम (UK) के पास है.
16=मॉन्टसेराट (Montserrat): रक्षा की जिम्मेदारी UK की है.
17=फॉकलैंड आइलैंड्स (Falkland Islands): सुरक्षा का जिम्मा UK संभालता है.
18=सिंट मार्टन (Sint Maarten): रक्षा की जिम्मेदारी नीदरलैंड की है.
19=अरूबा: किंगडम ऑफ द नीदरलैंड इसकी रक्षा के लिए जिम्मेदार है.
20=समोआ: रक्षा की जिम्मेदारी न्यूजीलैंड की है.
21=नीयू (Niue): सुरक्षा का जिम्मा न्यूजीलैंड के पास है.
22=आइसलैंड: रक्षा का जिम्मा नाटो (NATO) का है (विशेषकर अमेरिका, नॉर्वे और डेनमार्क).
23=सैन मैरिनो (San Marino): इसकी रक्षा की जिम्मेदारी इटली की है.
24=अंडोरा (Andorra): इसकी सुरक्षा का जिम्मा फ्रांस और स्पेन दोनों का है.
25=न्यू कैलेडोनिया (New Caledonia): रक्षा की जिम्मेदारी फ्रांस की है
26=फ्रेंच पोलिनेशिया (French Polynesia): सुरक्षा का जिम्मा फ्रांस के पास है.
27=मोनाको: रक्षा की जिम्मेदारी फ्रांस की है.
28=फैरो आइलैंड्स (Faroe Islands): रक्षा की जिम्मेदारी डेनमार्क की है.
29=ग्रीनलैंड: सुरक्षा का जिम्मा डेनमार्क संभालता है.
30=हांगकांग: रक्षा की जिम्मेदारी चीन की है.
31=मकाऊ: सुरक्षा का जिम्मा चीन के पास है.
32=कुक आइलैंड्स: रक्षा की जिम्मेदारी ऑस्ट्रेलिया की है.
33=नाउरू (Nauru): सुरक्षा का जिम्मा ऑस्ट्रेलिया संभालता है.
34=मार्शल आइलैंड्स: संविधान सेना रखने की अनुमति नहीं देता. रक्षा की जिम्मेदारी अमेरिका की है.
35=किरिबाती (Kiribati): यहां भी सेना प्रतिबंधित है. सुरक्षा सहायता ऑस्ट्रेलिया और 36=न्यूजीलैंड प्रदान करते हैं.
लिकटेंस्टीन (Liechtenstein): 1868 में सेना खत्म कर दी गई थी. जरूरत पड़ने पर स्विट्जरलैंड और ऑस्ट्रिया से सहायता मिलती है


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