Home » छत्तीसगढ़ » कोरबा: निर्माणाधीन मकान में 33 KV लाइन से उतरा करंट, जोरदार धमाके के साथ फटा सिलेंडर; दो मजदूर गंभीर

कोरबा: निर्माणाधीन मकान में 33 KV लाइन से उतरा करंट, जोरदार धमाके के साथ फटा सिलेंडर; दो मजदूर गंभीर

Share:

कोरबा , छत्तीसगढ़ : सिविल लाइन थाना अंतर्गत खपराभट्टा इलाके में गुरुवार को एक हृदयविदारक हादसा हो गया। यहाँ निर्माणाधीन मकान के ऊपर से गुजर रही 33,000 वोल्ट (33 KV) की हाई टेंशन लाइन की चपेट में आने से दो मजदूर बुरी तरह झुलस गए। करंट का प्रवाह इतना शक्तिशाली था कि किचन में रखे गैस सिलेंडर में विस्फोट हो गया, जिससे मकान का एक हिस्सा ढह गया।

कैसे हुआ हादसा?

जानकारी के अनुसार, यह घटना अधिवक्ता अंजू मिस्त्री के निर्माणाधीन आवास की है। छत पर मजदूर छत्रपाल सिंह मरकाम और सुबोध राठिया कार्य कर रहे थे। काम के दौरान लोहे का तार या निर्माण सामग्री पास से गुजर रही हाई टेंशन लाइन के संपर्क में आ गई। बिजली का झटका लगते ही छत पर भीषण आग लग गई। आग की तपिश नीचे किचन तक पहुँची, जिससे वहाँ रखा गैस सिलेंडर ब्लास्ट हो गया। धमाका इतना तेज था कि आसपास के घरों की दीवारें तक हिल गईं।

मोहल्लेवासियों ने पेश की मिसाल

संकरी गली होने के कारण दमकल की गाड़ियाँ मौके तक नहीं पहुँच सकीं। ऐसे में स्थानीय निवासियों ने साहस दिखाते हुए खुद मोर्चा संभाला। लोगों ने बाल्टियों से पानी डालकर और अन्य संसाधनों की मदद से आग पर काबू पाया, जिससे एक बड़ा मोहल्ला खाक होने से बच गया।

अन्य इलाकों में भी भारी नुकसान

इस शॉर्ट सर्किट का असर केवल खपराभट्टा तक सीमित नहीं रहा। हाई वोल्टेज के कारण बुधवारी क्षेत्र के दर्जनों घरों में बिजली के उपकरण जैसे टीवी, फ्रिज और एसी जलकर खाक हो गए। करंट की चपेट में आए दोनों मजदूरों को मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहाँ वे जीवन और मौत के बीच जूझ रहे हैं।

सुरक्षा मानकों पर खड़े हुए सवाल

सिविल लाइन पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। इस घटना ने एक बार फिर रिहायशी इलाकों के ऊपर से गुजरते मौत के जाल (हाई टेंशन तारों) पर सवालिया निशान लगा दिया है। पुलिस अब बिजली विभाग से यह जानकारी मांग रही है कि इतनी खतरनाक लाइन के नीचे निर्माण की अनुमति कैसे मिली और सुरक्षा के क्या इंतजाम थे।

Leave a Comment