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लापरवाही ने ली तीन मासूमों की जान: डोंगरगढ़ में रेलवे निर्माण के गहरे गड्ढे में डूबने से बच्चों की दर्दनाक मौत

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राजनांदगांव। छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले के डोंगरगढ़ से एक बेहद हृदयविदारक घटना सामने आई है। बोरतालाव थाना क्षेत्र के ग्राम गांधीनगर में बारिश के पानी से भरे एक गहरे गड्ढे में डूबने से तीन मासूम बच्चों की मौत हो गई। यह गड्ढा रेलवे ट्रैक और सुरंग निर्माण कार्य के दौरान मिट्टी निकालने के लिए खोदा गया था, जिसे निर्माण एजेंसी ने लापरवाही पूर्वक खुला छोड़ दिया था।

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नहाने गए थे बच्चे, गहराई का नहीं था अंदाजा

  • हादसा कैसे हुआ: गांव के तीन मासूम बच्चे बारिश के पानी से लबालब भरे इस गड्ढे में नहाने के लिए गए थे।

  • अंदाजे की चूक: बच्चों को करीब 6 फीट गहरे इस गड्ढे की गहराई का बिल्कुल अंदाजा नहीं था। नहाते समय वे गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे।

  • बचाव की नाकाम कोशिश: आसपास मौजूद लोगों ने जब बच्चों को डूबते देखा, तो वे तुरंत उन्हें बचाने दौड़े। लेकिन जब तक बच्चों को बाहर निकाला जाता, तब तक काफी देर हो चुकी थी और तीनों मासूम दम तोड़ चुके थे। इस घटना के बाद से पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है।

निर्माण एजेंसी पर लापरवाही के गंभीर आरोप

स्थानीय ग्रामीणों में इस हादसे को लेकर भारी आक्रोश है। ग्रामीणों का आरोप है कि:

  • गड्ढे के आसपास कोई चेतावनी बोर्ड नहीं लगाया गया था।

  • सुरक्षा के लिए कोई घेराबंदी (बैरीकेडिंग) नहीं की गई थी।

ग्रामीणों की मांग: यदि निर्माण एजेंसी और ठेकेदार ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए होते, तो आज तीन मासूमों की जान नहीं जाती। दोषियों के खिलाफ तत्काल सख्त कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए।

पुलिसिया कार्रवाई और जांच शुरू

घटना की सूचना मिलते ही बोरतालाव थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से शवों को बाहर निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।

पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, निर्माण स्थल पर सुरक्षा मानकों की अनदेखी और गड्ढे को खुला छोड़ने के कारणों की गंभीरता से जांच की जा रही है। जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कानूनी कदम उठाए जाएंगे।

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