‘छोरी’ का छोरा वाला टैलेंट: यास्तिका भाटिया का वो ऐतिहासिक शतक, जिसने हिला दिया इंग्लैंड का गुरूर!
Sports News: लॉर्ड्स के जिस मैदान पर शतक लगाना दुनिया के हर बड़े से बड़े बल्लेबाज का सपना होता है, वहां भारत की स्टार विकेटकीपर-बल्लेबाज यास्तिका भाटिया ने वो कर दिखाया जो आज तक महिला क्रिकेट के इतिहास में कोई नहीं कर पाया। इंग्लैंड के खिलाफ खेले जा रहे एकमात्र 4 दिवसीय टेस्ट मैच के तीसरे दिन यास्तिका ने 145 गेंदों में अपना पहला अंतरराष्ट्रीय शतक पूरा किया। इसी के साथ वह लॉर्ड्स के मैदान पर टेस्ट शतक लगाने वाली दुनिया की पहली महिला खिलाड़ी बन गई हैं।
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पहली गेंद पर ‘यमराज’ को छूकर टकी से वापस आईं, फिर मचाई तबाही!
कहते हैं न कि किस्मत भी बहादुरों का साथ देती है। तीसरे दिन जब यास्तिका क्रीज पर उतरीं, तो पहली ही गेंद पर एक तगड़ा चमत्कार हुआ। इंग्लैंड की तेज गेंदबाज लॉरेन बेल की एक शानदार गेंद यास्तिका के ऑफ स्टंप को चूमती हुई निकल गई। गेंद स्टंप पर लगी जरूर, लेकिन किस्मत का खेल देखिए—बेल्स (गुल्लियां) गिरी ही नहीं!
नियम के मुताबिक यास्तिका नॉटआउट रहीं। इस मिले हुए जीवनदान को यास्तिका ने अमृत मान लिया और इसके बाद इंग्लिश गेंदबाजों की वो क्लास लगाई कि लॉर्ड्स का पूरा मैदान तालियों से गूंज उठा।
नंबर-3 पर आकर संभाली कमान, खेली 113 रनों की ‘क्लासिक’ पारी
ओपनर स्मृति मंधाना के आउट होने के बाद यास्तिका नंबर-3 पर बल्लेबाजी करने आईं। उन पर टीम को संभालने की बड़ी जिम्मेदारी थी। यास्तिका ने बिल्कुल परिपक्व बल्लेबाज की तरह खेलते हुए 158 गेंदों में 113 रन बनाए। इस लाजवाब पारी में 14 शानदार चौके शामिल थे। आखिरकार उन्हें सोफी एक्लेस्टोन ने आउट किया, लेकिन तब तक वह अपना काम कर चुकी थीं।
अंग्रेजों को मिला 457 रनों का ‘हिमालय’ जैसा लक्ष्य, क्या ढहेगा इंग्लैंड का किला?
यास्तिका के शतक और भारतीय बल्लेबाजों के दम पर टीम इंडिया ने अपनी दूसरी पारी 7 विकेट पर 341 रन बनाकर घोषित कर दी। पहली पारी की मजबूत बढ़त को मिलाकर अब भारत ने इंग्लैंड के सामने जीत के लिए 457 रनों का विशाल लक्ष्य रखा है।
भारतीय पारी के अन्य हीरो:
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स्मृति मंधाना (उपकप्तान): 70 रनों की कप्तानी पारी खेलकर मजबूत नींव रखी।
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ऋचा घोष: 50 रनों की नाबाद और आक्रामक पारी खेलकर टीम के स्कोर को रॉकेट की रफ्तार दी।
अब देखना दिलचस्प होगा कि क्या इंग्लैंड की टीम इस नामुमकिन से दिखने वाले स्कोर को चेज कर पाती है, या फिर भारतीय टीम लॉर्ड्स में ऐतिहासिक जीत का परचम लहराएगी।
सिर्फ बल्ला ही नहीं, गेंद से भी रचा गया इतिहास: क्रांति गौड़ का ‘पंजा’
लॉर्ड्स का यह टेस्ट मैच भारतीय रिकॉर्ड्स की डायरी बन चुका है। मैच के दूसरे दिन भारतीय तेज गेंदबाज क्रांति गौड़ ने तहलका मचाया था। वह लॉर्ड्स के मैदान पर 5 विकेट हॉल (एक पारी में 5 विकेट) लेने वाली दुनिया की पहली महिला खिलाड़ी बनी थीं।
लॉर्ड्स ऑनर्स बोर्ड पर कब्जा: लगातार दो दिनों में दो भारतीय बेटियों—पहले क्रांति गौड़ (5 विकेट) और फिर यास्तिका भाटिया (शतक)—ने लॉर्ड्स के प्रतिष्ठित ‘ऑनर्स बोर्ड’ पर अपना नाम दर्ज कराकर इतिहास रच दिया है।








