कोरबा 7 सितंबर Action On Corruption । जिला खनिज न्यास (DMF) मद से बन रहे निर्माण कार्यों में लापरवाही और भ्रष्टाचार पर कोरबा कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत ने सख्त रुख अपनाया है। रविवार को खनन प्रभावित क्षेत्रों के औचक निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने मौके पर ही सीढ़ी मंगवाकर स्लैब के सरिये की नाप कराई। जांच में 8 एमएम की जगह 6 एमएम का सरिया मिलने पर उन्होंने संबंधित सब इंजीनियर को तुरंत निलंबित करने और पंचनामा बनाकर प्राथमिकी (FIR) दर्ज कराने के कड़े निर्देश दिए हैं।

सीढ़ी चढ़कर खुद की जांच, खुली भ्रष्टाचार की पोल
जनपद पंचायत कटघोरा के ग्राम पंचायत जेन्जरा में निर्माणाधीन आंगनबाड़ी भवन के निरीक्षण के दौरान कलेक्टर को निर्माण सामग्री की गुणवत्ता पर संदेह हुआ। उनके निर्देश पर मौके पर सीढ़ी लाई गई और सब इंजीनियर से स्लैब का सरिया नपवाया गया। सब इंजीनियर रामकुमार पोर्ते द्वारा 8 एमएम सरिया लगाने का दावा किया गया था, जबकि मौके पर 6 एमएम का सरिया पाया गया। इस गंभीर अनियमितता पर कलेक्टर ने कड़ी नाराजगी जताते हुए सब इंजीनियर के निलंबन और एफआईआर के आदेश दिए।
घटिया टाइल्स और नीची प्लिंथ पर जताई नाराजगी
कलेक्टर ने जेन्जरा में ही निर्माणाधीन स्कूल भवन में घटिया टाइल्स लगाए जाने पर नाराजगी जताई। इसके अलावा, ग्राम पंचायत सलोरा में बन रहे पीडीएस (PDS) भवन की प्लिंथ जमीन के स्तर से काफी नीची पाए जाने पर भी जांच के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि डीएमएफ की राशि प्रभावित क्षेत्रों के विकास के लिए है, इसमें गुणवत्ता से कोई समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
कटघोरा स्कूल भवन अक्टूबर तक पूरा करने का अल्टीमेटम
शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय कटघोरा में आदिवासी विकास विभाग द्वारा कराए जा रहे निर्माण कार्य की सुस्त गति पर कलेक्टर ने असंतोष जताया। उन्होंने कार्य में तेजी लाते हुए अक्टूबर 2026 तक भवन का निर्माण पूरा करने का निर्देश दिया।
फाइलें रोकने वाले बाबू का वेतन रुका, अधिकारियों को चेतावनी
जनपद पंचायत में उपयोगिता प्रमाण पत्र (UC) और फाइलों को अनावश्यक रूप से दबाकर रखने वाले कर्मचारियों पर भी गाज गिरी है। जेन्जरा ग्राम पंचायत के यूसी पर समय पर कार्रवाई न करने के कारण संबंधित लिपिक (बाबू) का वेतन रोकने के निर्देश दिए गए हैं। कटघोरा सीईओ को निर्देश दिया गया है कि फाइलें अटकाने वाले कर्मियों पर कड़ी कार्रवाई करें ताकि विकास कार्यों का भुगतान न रुके।
निरीक्षण के दौरान जिला पंचायत सीईओ प्रतीक जैन, एसडीएम विपिन दुबे, अपर कलेक्टर माधुरी सोम ठाकुर सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।








