Latest News
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एकता नगर में सरदार पटेल की जयंती पर देश को किया संबोधित, कहा- भारत अब रुकने वाला नहीं छत्तीसगढ़ ने खोया एक जनप्रिय नेता: अहिवारा विधायक डोमनलाल कोर्सेवाड़ा राजकीय सम्मान के साथ पंचतत्व में विलीन CM उमर अब्दुल्ला और वरिष्ठ पत्रकार निधि राजदान बंधे शादी के बंधन में, सोशल मीडिया पर तस्वीरें शेयर कर दी खुशखबरी रामलीला मैदान रैली: राहुल गांधी ने मिंटो रोड से अजमेरी गेट तक पैदल यात्रा का किया आह्वान, दिल्ली पुलिस बोली– ‘नहीं मांगी गई मार्च की अनुमति’ छत्तीसगढ़ में अनोखा मामला: DEO ने थाना प्रभारी को थमाया नोटिस, 7 साल तक जेल में बंद रहा शिक्षक और विभाग को भनक तक नहीं लगी! 4 करोड़ का कैश, सीक्रेट चेंबर और कोर्ट का झटका: छत्तीसगढ़ के चर्चित कैश जब्ती मामले में आया नया मोड़!
Home » छत्तीसगढ़ » इंसानियत शर्मसार: केरल में छत्तीसगढ़ के मजदूर की मॉब लिंचिंग, ‘बांग्लादेशी’ बताकर पीट-पीटकर मार डाला

इंसानियत शर्मसार: केरल में छत्तीसगढ़ के मजदूर की मॉब लिंचिंग, ‘बांग्लादेशी’ बताकर पीट-पीटकर मार डाला

Share:

पलक्कड़/सक्ती | 21 दिसंबर: केरल के पलक्कड़ जिले से मानवता को झकझोर देने वाली खबर आई है। रोजी-रोटी की तलाश में छत्तीसगढ़ से केरल गए एक प्रवासी मजदूर की उग्र भीड़ ने केवल शक के आधार पर बेरहमी से हत्या कर दी। हमलावरों ने न केवल उसे बेरहमी से पीटा, बल्कि उसे ‘बांग्लादेशी घुसपैठिया’ बताकर नफरत का शिकार बनाया।

रोजी-रोटी की तलाश में गया था रामनारायण

मृतक की पहचान छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले (करही गांव) निवासी 31 वर्षीय रामनारायण बघेल के रूप में हुई है। रामनारायण अपने परिवार का सहारा बनने के लिए महज चार दिन पहले ही केरल पहुंचा था। उसे क्या पता था कि जिस धरती पर वह सपने लेकर आया है, वही उसकी जान ले लेगी।

वह रहम की भीख मांगता रहा, भीड़ मारती रही

घटना 17 दिसंबर को वालायर क्षेत्र की है। स्थानीय लोगों ने रामनारायण पर चोरी का झूठा आरोप लगाकर उसे घेर लिया। वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि भीड़ उसे “बांग्लादेशी” कहकर अपमानित कर रही थी। लात-घूंसों और डंडों की मार से जब वह अधमरा होकर खून की उल्टियां करने लगा, तब भी हमलावरों का दिल नहीं पसीजा। पुलिस के पहुंचने तक वह घंटों सड़क पर तड़पता रहा। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में रोंगटे खड़े करने वाले खुलासे

पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट ने इस हत्याकांड की बर्बरता की पुष्टि की है। रामनारायण के शरीर पर सिर से पैर तक 80 से ज्यादा चोटों के निशान मिले हैं। जांच में उसके पास से चोरी का कोई सामान नहीं मिला, जिससे साफ है कि उसे महज गलतफहमी और नफरत के चलते निशाना बनाया गया।

प्रशासनिक कार्रवाई और आक्रोश

  • गिरफ्तारी: पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें से कुछ का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड है।

  • मानवाधिकार आयोग: केरल राज्य मानवाधिकार आयोग ने मामले का संज्ञान लेते हुए उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं।

  • परिजनों की मांग: छत्तीसगढ़ में शोकाकुल परिजनों ने दोषियों को फांसी की सजा, उचित मुआवजा और शव को सम्मानपूर्वक गांव पहुंचाने की मांग की है।

नफरत का शिकार: यह घटना साल 2018 में पलक्कड़ में ही हुई आदिवासी युवक ‘मधु’ की लिंचिंग की याद दिलाती है। भाषाई और क्षेत्रीय भेदभाव (जेनोफोबिया) की वजह से उत्तर भारतीय मजदूरों की सुरक्षा पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

latest news