कोरबा : पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल ने एक बार फिर से छत्तीसगढ़ की बीजेपी सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने आरोप लगाया है कि कांग्रेस सरकार द्वारा गरीबों को बांटे गए पट्टों को बीजेपी ने फर्जी बताकर राजनीति की थी, लेकिन अब डेढ़ साल बीत जाने के बाद भी बीजेपी सरकार जरूरतमंद लोगों को पट्टे नहीं बांट सकी है। अभी भी कोरबा में करीब दस हजार पट्टो के वितरण की आवश्यकता है। जरूरतमंद लोगों को पट्टा दिया जाना चाहिए।
जयसिंह अग्रवाल का बयान
जयसिंह अग्रवाल ने कहा, “भारतीय जनता पार्टी ने जिंदगी में कभी पट्टा बांटना सीखा ही नहीं है। अगर हमारा अनुसरण कर ले तो 10 हजार पट्टा हमने बांटा, वो भी बांट दे 10 हजार, हम बराबर मान लेंगे। यदि नहीं तो जनता से माफी मांगे।”
पहले भी घेरा है सरकार
यह पहला मौका नहीं है जब जयसिंह अग्रवाल ने बीजेपी सरकार पर निशाना साधा हो। इससे पहले भी वे सीएसआर मद से सड़क निर्माण और निजी संयंत्रों की मनमानी को लेकर सरकार पर सवाल उठा चुके हैं।
मल्लिकार्जुन खरगे के आगमन को लेकर कांग्रेस की तैयारी
गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ की साय सरकार को सत्ता में आये डेढ़ वर्ष का वक्त पूरा हो चुका है। वहीं सत्ता से बाहर हुई कांग्रेस के नेता अब लगातार सरकार को घेरने में जुटे हुए है। आगामी 7 जुलाई को कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़के की सभा की तैयारी जोरों पर है। कांग्रेस नेता इस सभा को ऐतिहासिक बनाने के लिए ऐढ़ी चोटी का जोर लगाये हुए है। इस संबंध में दो जुलाई को कोरबा में पूर्व मंत्री अमरजीत भगत कांग्रेस कार्यकर्ताओं की बैठक लेने पहुंचे थे। इस बैठक में सांसद ज्योत्सना महंत के पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल, पूर्व विधायक पुरषोत्तम कंवर, पूर्व महापौर राजकिशोर प्रसाद, कांग्रेस शहर और ग्रामीण जिलाध्यक्ष नत्थूलाल यादव,मनोज , पूर्व जिलाध्यक्ष सुरेन्द्र प्रताप जायसवाल सहित अन्य कांग्रेस नेता गण भी मौजूद रहे। मीडिया से चर्चा के दौरान पूर्व मंत्री अमरजीत भगत ने जहां मल्लिकार्जुन खड़गे के कार्यक्रम की तैयारियों की जानकारी दी और साय सरकार की नाकामियों को गिनाते हुए कहा प्रदेश में डबल इंजन की सरकार पूरी तरह से फेल हैं, जनता सरकार से त्रस्त है। पट्टा संबंधी प्रश्न के जवाब में पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल ने मीडिया के सामने अपनी बात रखते हुए भाजपा पर जमकर निशाना साधा।
भाजपा की चुप्पी
वहीं, पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल के बयान पर भाजपा की ओर से अभी तक कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। अब देखना यह होगा कि भाजपा इस मुद्दे पर कोई प्रतिक्रिया देती है या नहीं।








