West Bengal Politics :पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के नतीजों के बाद राज्य की सियासत में उबाल कम होने का नाम नहीं ले रहा है। हार के बावजूद तृणमूल कांग्रेस सुप्रीमो ममता बनर्जी के तेवर अभी भी बेहद तीखे हैं। बुधवार को कालीघाट स्थित अपने आवास पर नवनिर्वाचित विधायकों और वरिष्ठ नेताओं के साथ हुई आपात बैठक में ममता बनर्जी ने आर-पार की लड़ाई का एलान कर दिया। आप पढ़ रहे हैं द खटिया खड़ी न्यूज।
Advt

इस्तीफे से इनकार और ‘राष्ट्रपति शासन’ की चुनौती
ममता बनर्जी ने स्पष्ट किया कि वे मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा नहीं देंगी। उन्होंने केंद्र सरकार को चुनौती देते हुए कहा, “वे चाहें तो मुझे हटा दें या राष्ट्रपति शासन लगा दें, लेकिन मैं हार नहीं मानूंगी।” आप पढ़ रहे हैं द खटिया खड़ी न्यूज।
सुप्रीम कोर्ट से लेकर ICJ तक जाने की तैयारी
चुनावी नतीजों को ‘धांधली’ करार देते हुए ममता बनर्जी ने कहा कि भाजपा को कम से कम 100 सीटों पर गलत तरीके से जिताया गया है। /आप पढ़ रहे हैं द खटिया खड़ी न्यूज/ उन्होंने ईवीएम (EVM) की पारदर्शिता पर सवाल उठाए और कहा कि वे इन नतीजों को सुप्रीम कोर्ट और जरूरत पड़ने पर अंतरराष्ट्रीय अदालत (ICJ) में भी चुनौती देंगी।
आयोग पर निशाना और ‘गद्दारों’ की पहचान
ममता ने सीधा हमला चुनाव आयोग पर बोला। उन्होंने कहा कि उनकी लड़ाई भाजपा से नहीं बल्कि आयोग से थी, जिसने जनादेश की ‘लूट’ में मदद की। बैठक में उन्होंने पार्टी के भीतर मौजूद ‘विभीषणों’ (गद्दारों) की लिस्ट तैयार करने के निर्देश दिए हैं।
शपथ ग्रहण के दिन गूंजेगा रवींद्र संगीत
भाजपा के 9 मई को होने वाले शपथ ग्रहण समारोह के विरोध में ममता ने अनोखा तरीका चुना है। उस दिन राज्य के सभी टीएमसी कार्यालयों में रवींद्र संगीत बजाया जाएगा।
11 विधायकों की गैरमौजूदगी: नया सस्पेंस
इस अहम बैठक में 11 नवनिर्वाचित विधायकों के न पहुंचने से पार्टी के भीतर हड़कंप मच गया है। सियासी गलियारों में चर्चा तेज है कि क्या ये विधायक भाजपा के संपर्क में हैं या कोई नया खेल होने वाला है?
अभिषेक की तारीफ और नई रणनीति
कठिन समय में कड़ी मेहनत के लिए ममता ने अभिषेक बनर्जी की तारीफ की। अभिषेक ने भी स्पष्ट किया कि वे ‘दीदी’ के साथ साये की तरह खड़े रहेंगे। साथ ही, उन्होंने कार्यकर्ताओं को चुनाव बाद होने वाली हिंसा की शिकायतों के लिए ऑनलाइन पोर्टल का उपयोग करने की सलाह दी है।
।।।







