Latest News
छत्तीसगढ़ के लिए गौरव का क्षण: पीएम मोदी ने ‘मन की बात’ में की जशपुर के धावक अनिमेष और मल्हार की ऐतिहासिक धरोहरों की तारीफ बस्तर की ऐतिहासिक धरोहर: जानिए 11वीं सदी के नारायणपाल विष्णु मंदिर का इतिहास, स्थापत्य कला और प्राकृतिक सौंदर्य बलरामपुर के जमीरापाट बॉक्साइट खदान में अभी खनन शुरू नहीं, प्रशासन प्रभावित किसानों के हितों के लिए प्रतिबद्ध हृदय रोगियों के लिए वरदान बनी एनकेएच की कैथलैब सुविधा बिना परमानेंट नौकरी के भी मिलेगी भविष्य की सुरक्षा; जानिए गिग वर्कर्स के लिए सरकार का क्या है मेगा प्लान ‘आदिवासी’ बनाम ‘वनवासी’ विवाद: गृह मंत्री अमित शाह के बयान पर भड़की कांग्रेस, खरोरा में फूंका पुतला
Home » छत्तीसगढ़ » नवरात्रि की भीड़ के बीच खल्लारी में बड़ा हादसा: 130 मीटर की ऊंचाई से झटके के साथ गिरी रोप-वे की ट्रॉली

नवरात्रि की भीड़ के बीच खल्लारी में बड़ा हादसा: 130 मीटर की ऊंचाई से झटके के साथ गिरी रोप-वे की ट्रॉली

Share:

▪️भक्तों की जान से खिलवाड़! अप्रैल में शुरू हुए खल्लारी रोप-वे का केबल कैसे टूटा? प्रशासन में हड़कंप

महासमुंद। चैत्र नवरात्रि के पावन पर्व पर जहाँ प्रदेश के प्रसिद्ध खल्लारी माता मंदिर में भक्तों का सैलाब उमड़ा हुआ है, वहीं रविवार सुबह एक हृदयविदारक हादसे ने खुशियों के माहौल को दहशत में बदल दिया। मंदिर में संचालित रोप-वे का केबल अचानक टूट जाने से श्रद्धालुओं से भरी ट्रॉली अनियंत्रित होकर झटके के साथ नीचे आ गिरी। इस भीषण दुर्घटना में 8 श्रद्धालु घायल हुए हैं, जिनमें से कुछ की स्थिति नाजुक बनी हुई है।

हवा में अटकी सांसें, मची चीख-पुकार

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसा उस समय हुआ जब श्रद्धालु रोप-वे के जरिए पहाड़ी पर स्थित मंदिर की ओर जा रहे थे। अचानक केबल टूटने से ट्रॉली जोरदार झटके के साथ नीचे की ओर आई, जिससे उसमें सवार लोग बुरी तरह चोटिल हो गए। घटना के बाद पूरे मंदिर परिसर में अफरा-तफरी मच गई। पुलिस और मंदिर प्रबंधन ने स्थानीय लोगों की मदद से तुरंत बचाव कार्य शुरू किया और घायलों को जिला अस्पताल महासमुंद पहुँचाया।

महज एक साल भी नहीं टिक पाई व्यवस्था!

इस हादसे ने सीधे तौर पर सुरक्षा मानकों और रखरखाव पर सवाल खड़े कर दिए हैं। ज्ञात हो कि खल्लारी माता मंदिर में इस रोप-वे का संचालन अप्रैल 2024 की नवरात्रि से ही पूरी तरह शुरू हुआ था। भक्तों को 842-981 सीढ़ियां चढ़ने की थकान से राहत देने के लिए करोड़ों की लागत से इसका निर्माण कोलकाता की कंपनी “रोपवे एंड रिसॉर्ट्स प्राइवेट लिमिटेड” द्वारा किया गया था। सवाल यह उठता है कि संचालन के एक साल के भीतर ही केबल कैसे टूट गई?

प्रशासनिक कार्रवाई और जांच के आदेश

हादसे की खबर मिलते ही प्रशासनिक अमला मौके पर पहुँचा और स्थिति का जायजा लिया। एहतियात के तौर पर रोप-वे सेवा को तत्काल प्रभाव से बंद कर दिया गया है।

  • जांच का घेरा: शुरुआती जांच में इसे तकनीकी खराबी बताया जा रहा है, लेकिन प्रशासन ने उच्च स्तरीय जांच के आदेश दे दिए हैं।

  • लापरवाही का आरोप: स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि भारी भीड़ और नवरात्रि के दबाव के बावजूद रोप-वे की नियमित फिटनेस जांच नहीं की गई।

प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर दोषियों, चाहे वह कंपनी हो या प्रबंधन, उन पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल, पूरे इलाके में पुलिस बल तैनात है और मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं को सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है।


।।।

Leave a Comment

latest news