कोरबा | कोरबा जिले के पाली थाना क्षेत्र से मानवता को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। यहाँ एक 60 वर्षीय बुजुर्ग को सड़क पर पड़े युवक की मदद करना भारी पड़ गया। नशे में धुत दो युवकों ने न केवल बुजुर्ग और उनके भतीजे की बेरहमी से पिटाई की, बल्कि उनकी बाइक में भी तोड़फोड़ की। घटना के 10 दिन बीत जाने के बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी न होने से आक्रोशित पीड़ित परिवार ने अब पुलिस अधीक्षक (SP) से न्याय की गुहार लगाई है।
मदद के लिए रुके और बन गए शिकार
प्राप्त जानकारी के अनुसार, रामाकछार निवासी मदन लाल धनुहार (60 वर्ष) बीती 3 फरवरी को अपने भतीजे परशुराम के साथ जटगा बाजार से घर लौट रहे थे। रात करीब 8 बजे रीवादा जंगल के पास उन्होंने महिपाल नामक युवक को सड़क पर पड़ा देखा। पास ही रायसिंह नाम का एक अन्य युवक खड़ा था। किसी अनहोनी की आशंका को देखते हुए मदन लाल ने अपनी बाइक रोकी और महिपाल का हालचाल पूछने उसके पास गए।
जैसे ही बुजुर्ग ने सड़क पर लेटने का कारण पूछा, नशे में धुत महिपाल उठ खड़ा हुआ और रायसिंह के साथ मिलकर बुजुर्ग पर हमला कर दिया। मारपीट इतनी भयावह थी कि बुजुर्ग को जमीन पर पटकने के बाद आरोपियों ने उनके ऊपर ही बाइक गिरा दी और वाहन में तोड़फोड़ की। बीच-बचाव करने आए भतीजे परशुराम को भी बदमाशों ने नहीं बख्शा, जिसके बाद उसने गांव भागकर अपनी जान बचाई।
खून से लथपथ मिले बुजुर्ग, अस्पताल में भर्ती
घटना की सूचना मिलते ही बुजुर्ग के पुत्र इंद्रजीत ग्रामीणों के साथ मौके पर पहुंचे। मदन लाल वहां खून से लथपथ और अचेत अवस्था में मिले। उनके सिर, पीठ और पैरों में गंभीर चोटें आई थीं। उन्हें तत्काल पाली सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया, जहां उनका उपचार जारी है।
पुलिस की सुस्ती से पीड़ित परिवार परेशान
परिजनों का आरोप है कि पाली पुलिस ने मामले में महज औपचारिकता निभाते हुए मामूली धाराओं में केस दर्ज किया है। घटना के 10 दिन बाद भी आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं। इसी शिकायत को लेकर शनिवार को पीड़ित मदन लाल अपने परिजनों के साथ पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी व कड़ी कार्रवाई की मांग की।








