कोरबा, 09 फरवरी 2026: राष्ट्रीय आयुष मिशन के अंतर्गत संचालित ‘कायाकल्प आयुष कार्यक्रम’ में कोरबा जिले ने प्रदेश स्तर पर सफलता के नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं। स्वच्छता, संक्रमण नियंत्रण, सौंदर्यीकरण और उच्च गुणवत्ता वाली स्वास्थ्य सेवाओं के कड़े मानकों पर खरा उतरते हुए जिले के दो आयुष केंद्रों ने राज्य में शीर्ष स्थान प्राप्त कर जिले का नाम रोशन किया है।
रामपुर प्रथम और सरगबुंदिया को मिला द्वितीय स्थान
प्रदेश स्तरीय रैंकिंग में आयुष सेंटर एवं स्पेशियलिटी क्लिनिक श्रेणी के तहत: ▪️प्रथम स्थान: प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सह आयुष (होम्योपैथी) केंद्र, रामपुर (पुरस्कार राशि: 75,000 रुपये एवं प्रशस्ति पत्र)▪️द्वितीय स्थान: प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सह आयुष (होम्योपैथी) केंद्र, सरगबुंदिया (पुरस्कार राशि: 50,000 रुपये एवं प्रशस्ति पत्र)
स्वास्थ्य मंत्री ने किया सम्मानित
यह प्रतिष्ठित सम्मान छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने प्रदान किया। इस गरिमामय अवसर पर स्वास्थ्य सचिव श्री अमित कटारिया, आयुष संचालक सुश्री संतन देवी जांगड़े और संयुक्त संचालक डॉ. सुनील कुमार दास उपस्थित थे। कोरबा की ओर से जिला आयुष अधिकारी डॉ. उदय शर्मा ने यह पुरस्कार प्राप्त किया।
सेवाओं का विस्तार: आयुष विभाग की प्रमुख उपलब्धियाँ
डॉ. उदय शर्मा ने इस सफलता का श्रेय जिला कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत के मार्गदर्शन और टीम के सामूहिक प्रयास को दिया। जिले में आयुष पद्धति के माध्यम से हुए कार्यों का विवरण प्रभावशाली है:
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आधुनिक उपचार: डिंगापुर पॉलीक्लीनिक में आधुनिक ओटी के माध्यम से 31 सफल ऑपरेशन हुए।
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बुजुर्गों की सेवा: ‘व्योमित्र’ कार्यक्रम के तहत 76,889 वृद्धजनों का उपचार और पंचकर्म पद्धति से 9,335 मरीजों को लाभ मिला।
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स्कूली जागरूकता: ‘आयुर्विद्या’ कार्यक्रम के जरिए 103 स्कूलों के 7,483 बच्चों को आयुष पद्धति से जोड़ा गया।
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योग एवं शिविर: योग चिकित्सा से 87,988 नागरिक लाभान्वित हुए, जबकि जिला व खंड स्तरीय मेलों में हजारों मरीजों का निःशुल्क उपचार किया गया।
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प्रमाणीकरण: शासकीय आयुर्वेद औषधालय बरपाली को NABH प्रमाणन मिल चुका है, जबकि 11 अन्य केंद्र इस दिशा में अग्रसर हैं।
जेल और वृद्धाश्रम तक पहुँच
आयुष विभाग की पहुँच केवल अस्पतालों तक सीमित नहीं है। मिशन वात्सल्य के तहत बाल संप्रेक्षण गृह कोहड़िया, स्नेह सदन वृद्धाश्रम, जिला जेल और न्यायालय परिसर में नियमित शिविर लगाकर समाज के हर वर्ग तक चिकित्सा सेवाएँ पहुँचाई जा रही हैं।
जिला आयुष अधिकारी डॉ शर्मा का संदेश: “यह उपलब्धि डॉ. श्यामाचरण साहू (रामपुर) और डॉ. अमित कुमार जाटवर (सरगबुंदिया) सहित पूरी टीम की मेहनत का परिणाम है। हमारा लक्ष्य अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति तक गुणवत्तापूर्ण आयुष सेवा पहुँचाना है।”









