नई दिल्ली/कैलिफोर्निया | भारत की दिग्गज सॉफ्टवेयर कंपनी जोहो कॉर्पोरेशन (Zoho Corp) के संस्थापक और पद्म श्री से सम्मानित श्रीधर वेम्बू की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। कैलिफोर्निया की एक अदालत ने उनके और उनकी पत्नी प्रमिला श्रीनिवासन के बीच चल रहे तलाक के मुकदमे में एक ऐतिहासिक आदेश जारी किया है। अदालत ने वेम्बू को $1.7 बिलियन (लगभग 15,300 करोड़ रुपये) का बॉन्ड जमा करने का निर्देश दिया है। यह भारत के इतिहास का अब तक का सबसे महंगा तलाक सेटलमेंट बन सकता है।
कोर्ट का सख्त रुख: “पारदर्शिता की कमी”
कैलिफोर्निया की ‘सुपीरियर कोर्ट ऑफ अल्मेडा’ ने अपने आदेश में कहा कि श्रीधर वेम्बू ने तलाक की अर्जी दाखिल होने के बाद वैवाहिक संपत्तियों (Marital Assets) के हस्तांतरण में पारदर्शिता नहीं बरती। अदालत ने निम्नलिखित प्रमुख टिप्पणियां कीं:
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नियमों का उल्लंघन: कोर्ट के अनुसार, वेम्बू ने उन ‘ऑटोमैटिक रेस्ट्रेनिंग ऑर्डर्स’ का उल्लंघन किया हो सकता है, जो तलाक के दौरान संपत्ति बेचने या ट्रांसफर करने पर रोक लगाते हैं।
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संपत्ति की सुरक्षा: $1.7 बिलियन का यह बॉन्ड इसलिए मांगा गया है ताकि प्रमिला श्रीनिवासन के वित्तीय अधिकारों की रक्षा की जा सके और संपत्तियों को अमेरिका से बाहर ले जाने से रोका जा सके।
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रिसीवर की नियुक्ति: अदालत ने जोहो की कई अमेरिकी इकाइयों और वेम्बू की व्यक्तिगत संपत्तियों की निगरानी के लिए एक स्वतंत्र ‘रिसीवर’ भी नियुक्त किया है।
मुख्य विवाद: शेयरों की “सीक्रेट” हेराफेरी?
प्रमिला श्रीनिवासन का आरोप है कि श्रीधर वेम्बू ने उनकी जानकारी के बिना जोहो के शेयरों को अपने भाई और बहन के नाम ट्रांसफर कर दिया। प्रमिला का कहना है, “मुझे तब झटका लगा जब पता चला कि वेम्बू अब कंपनी में केवल 5% हिस्सेदारी का दावा कर रहे हैं, जिसे हमने 30 साल की शादी के दौरान मिलकर खड़ा किया था।”
वेम्बू के वकील का पलटवार: “जज को गुमराह किया गया”
इस आदेश के बाद श्रीधर वेम्बू के अमेरिकी वकील क्रिस्टोफर सी. मेलचर ने सोशल मीडिया पर इस आदेश को ‘अमान्य’ करार दिया। उन्होंने तर्क दिया कि:
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यह आदेश एक साल पुराने तथ्यों पर आधारित है और इसे ऊपरी अदालत में चुनौती दी गई है।
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न्यायाधीश को “गुमराह” किया गया है और इतनी बड़ी राशि के बॉन्ड की मांग का कोई कानूनी आधार नहीं है।
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वेम्बू पहले ही अपना पारिवारिक घर प्रमिला के नाम कर चुके हैं।
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क्या है ‘कम्युनिटी प्रॉपर्टी’ कानून?
कैलिफोर्निया के कानून के तहत, शादी के दौरान बनाई गई किसी भी संपत्ति पर पति और पत्नी का 50-50% हिस्सा होता है। प्रमिला इसी कानून के तहत जोहो कॉर्पोरेशन की आधी संपत्ति पर अपना दावा ठोक रही हैं।
जोहो और श्रीधर वेम्बू
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स्थापना: 1996 (एडवेंटनेट के रूप में)
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वेम्बू की नेटवर्थ: लगभग $3.8 बिलियन (फोर्ब्स के अनुसार)
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विवाद की शुरुआत: 2021 में तलाक की अर्जी दाखिल हुई।
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खासियत: वेम्बू अपनी सादगी और तमिलनाडु के गांवों से काम करने (Rural Incubation) के लिए मशहूर हैं।








