Latest News
पद्मविभूषण तीजन बाई की तबीयत बिगड़ी, रायपुर AIIMS के ICU में भर्ती; CM विष्णु देव साय ने जाना हालचाल, दिए विशेष निर्देश मंगेतर की हत्या कर ‘मिडिल फिंगर’ दिखाने वाली सिया पर भड़के सुपरकॉप अरुण बोथरा, बोले– “ऐसा बेखौफ और बिना पछतावे वाला रवैया हैरान करने वाला” समाचार: मॉनसून ने दी दस्तक, अपनी कार को रखें ‘रेन-रेडी’; इन जरूरी बातों का रखें खास ख्याल छत्तीसगढ़ सरकार का बड़ा फैसला: प्रदेश के 32 नगरीय निकायों में स्थापित होगी डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की प्रतिमा, ₹10.60 करोड़ मंजूर समाज में डॉक्टर और चार्टर्ड अकाउंटेंट्स दोनों की भूमिका महत्वपूर्ण : राज्यपाल रमेन डेका नकटी ग्राम में अतिक्रमण हटाने की कार्यवाही को लेकर कांग्रेस निम्न स्तरीय राजनीति कर रही है – डॉ. नवीन मार्कण्डेय
Home » छत्तीसगढ़ » उदंती सीतानदी टाइगर रिजर्व में भारी बवाल: अतिक्रमण हटाने पहुंची टीम पर ग्रामीणों का खूनी हमला, DFO वरुण जैन ने सूझबूझ से बचाई जान

उदंती सीतानदी टाइगर रिजर्व में भारी बवाल: अतिक्रमण हटाने पहुंची टीम पर ग्रामीणों का खूनी हमला, DFO वरुण जैन ने सूझबूझ से बचाई जान

Share:

गरियाबंद, 18 मई। छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में स्थित प्रसिद्ध उदंती सीतानदी टाइगर रिजर्व रणक्षेत्र में तब्दील हो गया। जैतपुरी गांव में वनभूमि पर किए गए भारी अतिक्रमण को हटाने पहुंची वन विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम पर ग्रामीणों ने अचानक जानलेवा हमला कर दिया। इस हिंसक झड़प के दौरान इलाके में जबरदस्त अफरा-तफरी और तनाव का माहौल निर्मित हो गया है।

Advt

लाखों पेड़ों की कटाई और सैकड़ों एकड़ पर अवैध कब्जा

मिली जानकारी के अनुसार, जैतपुरी गांव के संरक्षित जंगल क्षेत्र में बड़े पैमाने पर पर्यावरण को नुकसान पहुंचाया जा रहा था। शिकायत मिली थी कि करीब 166 अतिक्रमणकारियों द्वारा सैकड़ों एकड़ बेशकीमती वनभूमि पर अवैध कब्जा कर लिया गया है और इसके लिए लाखों पेड़-पौधों की बेरहमी से कटाई की गई है।

इस गंभीर शिकायत पर संज्ञान लेते हुए उदंती सीतानदी टाइगर रिजर्व के DFO वरुण जैन भारी पुलिस बल और वन अमले के साथ मौके पर कार्रवाई करने पहुंचे थे।

5 आरोपी गिरफ्तार होते ही भड़की हिंसा

जैसे ही टीम ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई शुरू की और इस पूरे खेल के 5 मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया, वैसे ही पूरा गांव सुलग उठा। गिरफ्तारी की खबर फैलते ही गांव के सैकड़ों महिला और पुरुष लाठी-डंडे, पारंपरिक हथियार और पत्थर लेकर एकजुट हो गए।

स्थिति पल भर में हिंसक हो गई: उग्र भीड़ ने वन विभाग और पुलिस की टीम को चारों तरफ से घेर लिया और उन पर ताबड़तोड़ पथराव शुरू कर दिया। ग्रामीणों का आक्रोश देखकर मौके पर भगदड़ जैसी स्थिति बन गई।

DFO और टीम ने सूझबूझ से बचाई जान

पथराव और लाठी-डंडों के बीच घिरे होने के बावजूद, DFO वरुण जैन और उनके वरिष्ठ अधिकारियों ने गजब के धैर्य और सूझबूझ का परिचय दिया। टीम ने हिंसक हो चुकी भीड़ का मुकाबला करने के बजाय रणनीति के तहत खुद को सुरक्षित घेरे से बाहर निकाला, जिससे एक बड़ी जनहानि टल गई। हालांकि, इस हमले में कुछ कर्मचारियों को मामूली चोटें आने की भी खबर है।

इलाके में भारी तनाव, सर्च ऑपरेशन जारी

इस दुस्साहसिक हमले के बाद से पूरे जैतपुरी और आसपास के इलाके में भारी तनाव व्याप्त है। वन विभाग और पुलिस प्रशासन ने इस हमले को बेहद गंभीरता से लिया है।

  • सर्च ऑपरेशन: सूत्रों के अनुसार, पुलिस और वन विभाग की अतिरिक्त टुकड़ियों को मौके पर रवाना कर दिया गया है।

  • दोषियों पर शिकंजा: सरकारी काम में बाधा डालने, पुलिस पर हमला करने और दंगा भड़काने वाले अन्य आरोपियों की धरपकड़ के लिए पूरे जंगल और गांव में कॉम्बिंग (सर्च ऑपरेशन) तेज कर दी गई है। प्रशासन का साफ कहना है कि कानून हाथ में लेने वाले और पर्यावरण को नुकसान पहुंचाने वाले किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।

📍

Leave a Comment