रायगढ़। पूरे प्रदेश को झकझोर देने वाले तमनार कांड में शुक्रवार को उस वक्त भारी तनाव की स्थिति निर्मित हो गई, जब पुलिस आरोपियों को जेल दाखिल करने पहुंची। महिला आरक्षक पर जानलेवा हमला और लज्जाभंग करने के मुख्य आरोपियों को रायगढ़ पुलिस ने आज कोर्ट में पेशी के बाद जेल भेज दिया है। हालांकि, जेल के गेट पर साथी महिला पुलिसकर्मियों के भारी आक्रोश ने कानून-व्यवस्था की स्थिति को चुनौतीपूर्ण बना दिया।

जेल के बाहर जमकर हंगामा
जैसे ही पुलिस वैन आरोपी करम सिंह राठिया और चिनेश खम्हारी को लेकर जिला जेल पहुँची, वहाँ पहले से मौजूद दर्जनों महिला आरक्षकों ने वैन का रास्ता रोक लिया। अपनी सहकर्मी के साथ हुई दरिंदगी को लेकर महिला कर्मियों में जबरदस्त गुस्सा देखा गया। वे आरोपियों को वैन से उतारने का विरोध कर रही थीं और उनके खिलाफ सख्त से सख्त सजा की मांग कर रही थीं।
वरिष्ठ अधिकारियों ने संभाला मोर्चा
स्थिति बेकाबू होते देख जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को तत्काल मौके पर मोर्चा संभालना पड़ा। काफी देर तक अधिकारियों ने आक्रोशित महिला पुलिसकर्मियों को समझाइश दी और कानून का हवाला देकर शांत कराया। कड़ी सुरक्षा और भारी गहमागहमी के बीच आखिरकार दोनों आरोपियों को जेल की सलाखों के पीछे पहुँचाया गया।
क्या है मामला?
गिरफ्तार आरोपी करम सिंह और चिनेश खम्हारी तमनार के ही निवासी हैं। इन पर ड्यूटी पर तैनात महिला आरक्षक के साथ बेरहमी से मारपीट, हत्या का प्रयास और शीलभंग करने जैसी संगीन धाराएं दर्ज हैं। इस घटना के बाद से ही पुलिस महकमे समेत आम जनता में भारी रोष व्याप्त है।








