नई दिल्ली 30/10/2026: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने हाल ही में रिपब्लिक टीवी को दिए एक इंटरव्यू में विपक्ष पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने राहुल गांधी की उम्र, सीजेपी (कॉकरोच जनता पार्टी) के आंदोलन और देश की राजनीति से जुड़े कई अहम मुद्दों पर खुलकर अपनी बात रखी।

राहुल गांधी और ‘यूथ’ राजनीति पर तंज
स्मृति ईरानी ने कांग्रेस सांसद राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए उनकी उम्र पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा, “56 साल का आदमी यूथ बनकर घूम रहा है। वो अपने आप को यूथ कह दें, इससे हकीकत नहीं बदलती।” सीजेपी नेताओं पर कटाक्ष करते हुए उन्होंने आगे कहा कि 31 साल के लोग खुद को युवा बता रहे हैं, और इस हिसाब से तो मल्लिकार्जुन खरगे जी बाल अवस्था में हैं।
“संसद के खिलाफ जंग का ऐलान कर चुके हैं राहुल”
स्मृति ईरानी ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी ने चुनाव आयोग और सुप्रीम कोर्ट का अपमान किया है। उन्होंने कहा कि यह कोई रैंडम सोच नहीं, बल्कि सोच-समझकर किया गया कृत्य है। उन्होंने राहुल गांधी के उस बयान का जिक्र किया जिसमें उन्होंने कथित तौर पर ‘इंडियन स्टेट’ के खिलाफ लड़ने की बात कही थी। ईरानी ने कहा, “इंडियन स्टेट भारत की संसद है, जिसे 90 करोड़ हिंदुस्तानी चुनते हैं। राहुल गांधी ने 90 करोड़ हिंदुस्तानियों के खिलाफ जंग का ऐलान किया है।”
कॉकरोच जनता पार्टी और लोकतंत्र पर विचार
सीजेपी (कॉकरोच जनता पार्टी) के आंदोलन पर बात करते हुए पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा कि सरकार का दायित्व हर नागरिक की बात सुनना है और यह नागरिकों का संवैधानिक अधिकार है। लोकतंत्र की ताकत कड़वी बातें सुनने में भी है। उन्होंने कहा, “उन्हें आप कॉकरोच कहें या कुछ भी कहें, जब वे जमीन पर ताकत आजमाते हैं तो जनता उन्हें बूथ पर हराती है।”
“अब लड़ाई अमेठी में नहीं, सीधे राजधानी में है”
जब उनसे पूछा गया कि क्या वे 2029 में एक बार फिर राहुल गांधी के खिलाफ चुनाव लड़ेंगी, तो उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी यह तय करती है कि कौन कहां से चुनाव लड़ेगा, लेकिन वे देश के हित के लिए हमेशा तैयार रहती हैं।
अमेठी की राजनीति पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि अब लड़ाई सिर्फ अमेठी तक सीमित नहीं रह गई है। उन्होंने दावा किया कि देश की राजधानी में कुछ लोगों द्वारा ‘रिजीम चेंज’ (सत्ता परिवर्तन) की मांग करने और आतंक का समर्थन करने वालों के चलते अब असली रणभूमि दिल्ली बन चुकी है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी स्पष्ट किया है कि यह कुर्सी किसी की जागीर नहीं है, इसे जनता ही देती है और वही वापस लेती है।



