Korba Chhattisgarh:एसईसीएल की कुसमुंडा खदान में मंगलवार को हुई हैवी ब्लास्टिंग ने पूरे क्षेत्र को दहला दिया। ब्लास्टिंग की वजह से कई गांवों में दरारें आ गईं और ग्रामीण दहशत में आ गए। ग्रामीणों ने खदान के अधिकारियों को जमकर खरी-खोटी सुनाई और जिलाधीश कार्यालय पहुंचकर शिकायत की।
क्या हुआ था?
– एसईसीएल की कुसमुंडा खदान में सुबह 8:15 बजे हैवी ब्लास्टिंग की गई, जो आमतौर पर दोपहर 2 बजे की जाती है।
– ब्लास्टिंग के समय 3 किलोमीटर की एरिया को खाली नहीं कराया गया था।
– ग्रामीणों का आरोप है कि एसईसीएल ने जमीन का अधिग्रहण तो कर लिया है, लेकिन अभी कई लोगों को मुआवजा, नौकरी और वसाहट की सुविधा प्रदान नहीं की गई है।
ग्रामीणों की मांग
– ग्रामीणों ने एसईसीएल के अधिकारियों से मांग की है कि वे ब्लास्टिंग के समय सुरक्षा उपायों का पालन करें।
– ग्रामीणों ने मुआवजा, नौकरी और वसाहट की सुविधा की मांग की है।
ग्रामीणों का आक्रोश
– ग्रामीणों में एसईसीएल के प्रति आक्रोश है और वे लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं।
– ग्रामीणों का कहना है कि एसईसीएल की लापरवाही से उनके घरों को नुकसान पहुंच रहा है।








