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मौलवियों के सामने नाक रगड़ना सपा-कांग्रेस की पुरानी आदत’ – विधानसभा में बरसे सीएम योगी

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लखनऊ 30 अप्रैल 2026 : उत्तर प्रदेश विधानसभा के विशेष सत्र में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विपक्षी दलों पर तीखा हमला बोला। ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ (महिला आरक्षण बिल) पर चर्चा के दौरान सीएम योगी ने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी को घेरते हुए कहा कि इन दलों की प्रवृत्ति हमेशा से ‘मौलवियों के सामने नाक रगड़ने’ की रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि वोट बैंक और तुष्टीकरण की राजनीति के कारण ये दल हमेशा महिलाओं के अधिकारों का दमन करते आए हैं।

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शाहबानो केस का जिक्र कर कांग्रेस को घेरा

मुख्यमंत्री ने 1980 के दशक के चर्चित शाहबानो प्रकरण की याद दिलाते हुए कहा कि जब सुप्रीम कोर्ट ने एक बेसहारा महिला के पक्ष में फैसला दिया था, तब तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने कट्टरपंथियों के दबाव में आकर संसद में कानून बदल दिया था। उन्होंने कहा, “यह इस बात का प्रमाण है कि कांग्रेस के लिए महिला सम्मान से ऊपर तुष्टीकरण है।”

‘कोटे में कोटा’ की मांग पर पलटवार

सपा द्वारा महिला आरक्षण में ‘कोटे में कोटा’ की मांग को सीएम योगी ने एक राजनीतिक पैंतरा करार दिया। उन्होंने याद दिलाया कि जब यूपीए सरकार के दौरान यह बिल राज्यसभा में आया था, तब इन्हीं दलों के सदस्यों ने बिल फाड़ने की कोशिश की थी। सीएम ने तंज कसते हुए कहा कि आज वही लोग सहानुभूति का नाटक कर रहे हैं, जिससे उनका राजनीतिक पाखंड उजागर हो गया है।

नारी शक्ति वंदन अधिनियम: एक क्रांतिकारी कदम

मुख्यमंत्री ने इस बिल को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक ऐतिहासिक और क्रांतिकारी कदम बताया। उन्होंने स्पष्ट किया कि उत्तर प्रदेश सरकार आधी आबादी के सम्मान और सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और विकास के रास्ते में किसी भी प्रकार की तुष्टीकरण की नीति को सफल नहीं होने देगी। उन्होंने विपक्ष को चुनौती दी कि यदि वे वास्तव में महिलाओं का भला चाहते हैं, तो बिना शर्त इस विधेयक का समर्थन करें।

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