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अनुशासन का डंडा: कांग्रेस ने पूर्व प्रवक्ता विकास तिवारी को पार्टी से निकाला, झीरम हमले पर बयानबाजी पड़ी भारी

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रायपुर, छत्तीसगढ़ 11 जनवरी 2026| छत्तीसगढ़ कांग्रेस ने अनुशासनहीनता के खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए पूर्व प्रदेश प्रवक्ता विकास तिवारी को पार्टी से निष्कासित कर दिया है। यह बड़ी कार्रवाई प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष (PCC Chief) दीपक बैज के निर्देश पर की गई है।

क्यों हुई कार्रवाई?

पार्टी सूत्रों के अनुसार, विकास तिवारी पिछले कुछ समय से झीरम घाटी हमले की जांच को लेकर पार्टी की आधिकारिक लाइन से हटकर बयानबाजी कर रहे थे। उन्होंने सार्वजनिक रूप से इस मामले में नार्को टेस्ट कराने की मांग उठाई थी, जिसे पार्टी नेतृत्व ने अनुशासन का उल्लंघन माना। कांग्रेस का कहना है कि पार्टी मंच से अलग रुख अपनाना और सार्वजनिक रूप से विरोधाभासी बयान देना संगठन की छवि को नुकसान पहुँचाने वाला कृत्य है।

संगठन का पक्ष

कांग्रेस नेतृत्व ने स्पष्ट किया है कि झीरम घाटी हमले का मामला बेहद संवेदनशील है और इस पर किसी भी प्रकार की व्यक्तिगत टिप्पणी या पार्टी विरोधी रुख को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पार्टी की छवि खराब करने वाले किसी भी नेता के खिलाफ भविष्य में भी ऐसी ही सख्त कार्रवाई की जाएगी।

विकास तिवारी की प्रतिक्रिया

निष्कासन के बाद राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। वहीं, इस पूरे मामले पर विकास तिवारी ने सधे हुए अंदाज में अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि, “संगठन सर्वोपरि है और संगठन के आदेशों का सम्मान सर्वोपरि है।”

इस कार्रवाई के बाद झीरम घाटी मामले की जांच को लेकर कांग्रेस के भीतर चल रहा वैचारिक अंतर्द्वंद्व अब खुलकर सामने आ गया है। विपक्षी दल भी इस घटनाक्रम पर पैनी नजर बनाए हुए हैं।

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