Latest News
कोरबा जिले में रबी सीजन के लिए खाद वितरण की नई व्यवस्था: मोबाइल ऐप से होगी प्री-बुकिंग और ई-टोकन की सुविधा दीपावली पर छत्तीसगढ़ को बड़ी सौगात: 4,670 परिवारों का पक्के मकान का सपना होगा पूरा सरगुजा जिले में 7 नए धान उपार्जन केंद्र स्वीकृत, अब किसानों को घर के पास मिलेगी बिक्री की सुविधा सर्दियों में किडनी के मरीजों के लिए बड़ी चेतावनी: ठंड और प्रदूषण बढ़ा सकते हैं आपकी मुश्किलें, डॉक्टर से जानें बचाव के उपाय ‘कांग्रेस ने पूरब से पश्चिम तक BJP की सरकारें बनवाईं’: खरगे के ‘B-टीम’ वाले बयान पर संजय सिंह का पलटवार, केजरीवाल ने कहा- ‘करारा जवाब’ डीआईजी के बेटे की 11वीं मंजिल से गिरकर दर्दनाक मौत, दीपावली की खुशियां मातम में बदलीं
Home » Uncategorized » सर्दियों में किडनी के मरीजों के लिए बड़ी चेतावनी: ठंड और प्रदूषण बढ़ा सकते हैं आपकी मुश्किलें, डॉक्टर से जानें बचाव के उपाय

सर्दियों में किडनी के मरीजों के लिए बड़ी चेतावनी: ठंड और प्रदूषण बढ़ा सकते हैं आपकी मुश्किलें, डॉक्टर से जानें बचाव के उपाय

Share:

हेल्थ डेस्क 06/11/2026: सर्दियों के मौसम में सुहाने मौसम के साथ कई तरह की स्वास्थ्य समस्याएं भी दस्तक देती हैं, खासकर उन लोगों के लिए जो पहले से ही किडनी की बीमारी से जूझ रहे हैं। तापमान में गिरावट और बढ़ता वायु प्रदूषण मिलकर ब्लड प्रेशर और किडनी की सेहत पर गंभीर असर डाल सकते हैं।

प्रसिद्ध नेफ्रोलॉजिस्ट डॉ. विक्रम कालरा के अनुसार, सर्दियों में शरीर की गर्मी बनाए रखने के लिए खून की नसें सिकुड़ जाती हैं, जिससे ब्लड प्रेशर बढ़ जाता है। बढ़ा हुआ ब्लड प्रेशर किडनी के नाजुक फिल्ट्रेशन सिस्टम पर अतिरिक्त दबाव डालता है, जिससे लंबे समय में किडनी फेलियर तक का खतरा बढ़ सकता है।

ठंड और प्रदूषण का डबल अटैक

  • सिकुड़ती नसें और बढ़ता बीपी: ठंड के कारण खून का बहाव प्रभावित होता है, जिससे ब्लड प्रेशर ऊपर जाने का खतरा रहता है।

  • जानलेवा प्रदूषण (PM2.5): हवा में मौजूद प्रदूषित कण शरीर में सूजन और ऑक्सिडेटिव स्ट्रेस पैदा करते हैं, जो सीधे तौर पर किडनी और रक्त वाहिकाओं को नुकसान पहुंचाते हैं।

  • खानपान की गलत आदतें: ठंड में तली-भुनी चीजें, ज्यादा नमक और अत्यधिक चाय-कॉफी का सेवन बीपी और शरीर में पानी जमा होने की समस्या को बढ़ा सकता है।

खुद को सुरक्षित रखने के जरूरी उपाय

  1. नियमित जांच: सर्दियों के दौरान अपना ब्लड प्रेशर और किडनी फंक्शन टेस्ट नियमित रूप से करवाते रहें।

  2. खानपान में संयम: खाने में नमक की मात्रा कम रखें और डॉक्टर की सलाह के अनुसार ही तरल पदार्थों का सेवन करें।

  3. प्रदूषण से बचाव: वायु प्रदूषण अधिक होने पर घर के अंदर ही हल्की-फुल्की एक्सरसाइज करें और बाहर निकलते समय मास्क का उपयोग करें।

  4. डॉक्टर की सलाह: दवाइयों और पानी की सही मात्रा के लिए अपने नेफ्रोलॉजिस्ट के संपर्क में रहें।