मुजफ्फरपुर: मुजफ्फरपुर रेलवे स्टेशन पर बुधवार को एक दिल दहला देने वाली घटना में, अमृतसर-जयनगर एक्सप्रेस के जनरल कोच में 6 बच्चे अपनी मां से बिछड़ गए। इनमें तीन लड़कियां और तीन लड़के शामिल थे, जिनमें से एक मात्र 3 महीने का था। रेलवे सुरक्षा बल (RPF) ने तत्परता दिखाते हुए बच्चों को सुरक्षित ढूंढ निकाला और चाइल्ड हेल्प डेस्क को सौंप दिया।
घटना का विवरण
– मां से बिछड़ने की घटना : बच्चे अपनी मां के साथ नानी के घर से पिता के पास जयनगर जा रहे थे। रास्ते में ट्रेन के रुकने पर मां सामान लेने उतरीं, लेकिन ट्रेन चल पड़ी और वे डिब्बे में वापस नहीं चढ़ पाईं।
– RPF की तत्परता : बच्चों के अकेले रह जाने की सूचना मंडल सुरक्षा नियंत्रण कक्ष, सोनपुर को मिली, जिसके बाद RPF ने तुरंत कार्रवाई शुरू की। मुजफ्फरपुर स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 2 पर ट्रेन पहुंचते ही उपनिरीक्षक सुष्मिता कुमारी, महिला आरक्षी श्वेता लोधी और धर्मेंद्र कुमार ने बच्चों की तलाश शुरू की।
– बच्चों की सुरक्षित बरामदगी : कड़ी मेहनत के बाद सभी 6 बच्चों को सुरक्षित ढूंढ लिया गया। RPF पोस्ट पर पूछताछ में बच्चों ने अपना पता अरनामा, जयनगर बताया। मां के आने में देरी होने पर 3 महीने के प्रिंस को दूध पिलाकर शांत कराया गया।
RPF की कार्रवाई
– बच्चों को चाइल्ड हेल्प डेस्क को सौंपा गया : RPF इंस्पेक्टर मनीष कुमार ने बताया कि बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए उन्हें चाइल्ड हेल्प डेस्क, मुजफ्फरपुर को सौंप दिया गया।
– RPF की तत्परता की सराहना: इस घटना ने रेलवे स्टेशनों पर बच्चों की सुरक्षा और RPF की तत्परता को फिर से रेखांकित किया है। RPF की त्वरित कार्रवाई ने बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित की और उनके परिवार के साथ फिर से मिलने में मदद की
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