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मध्य प्रदेश उपचुनाव: दतिया में बीजेपी को बड़ा झटका, कांग्रेस ने फिर मारी बाजी; नरोत्तम मिश्रा के गढ़ में भी खिसकी जमीन!

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दतिया, मध्य प्रदेश  Datia By Election :  मध्य प्रदेश की हॉट सीट दतिया पर एक बार फिर कांग्रेस ने भगवा किले को ढहाते हुए शानदार जीत दर्ज की है। ढाई साल के भीतर यह दूसरा मौका है जब यह सीट कांग्रेस के पाले में आई है। कांग्रेस उम्मीदवार घनश्याम सिंह ने बीजेपी के आशुतोष तिवारी को करीब 6 हजार से अधिक वोटों के अंतर से करारी शिकस्त दी है।

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इस हार के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का बाजार गर्म है, और सबसे बड़ा झटका बीजेपी के दिग्गज नेता और पूर्व गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा को लगा है।

अपनों की बगावत और भीतरघात ने डुबायी लुटिया

दतिया उपचुनाव में बीजेपी की हार के पीछे कई बड़े कारण सामने आए हैं:

  • नरोत्तम मिश्रा का टिकट कटा: उपचुनाव के लिए नरोत्तम मिश्रा प्रबल दावेदार माने जा रहे थे और उन्होंने प्रचार भी शुरू कर दिया था, लेकिन पार्टी ने आशुतोष तिवारी को मैदान में उतार दिया। इससे उनके समर्थकों में भारी नाराजगी थी।

  • खुद का बूथ भी नहीं बचा पाए: पूर्व गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा अपने खुद के पोलिंग बूथ (बूथ नंबर 121) पर भी पार्टी को जीत नहीं दिला सके। इस बूथ पर कांग्रेस को 291 और बीजेपी को 264 वोट मिले।

  • यादव वोट बैंक में सेंध: आजाद पार्टी से दामोदर यादव के चुनावी मैदान में उतरने से बीजेपी का पारंपरिक यादव वोट बैंक छिटक गया।

  • भितरघात और नाराजगी: टिकट वितरण के बाद हाईवे जाम और लाठीचार्ज जैसी घटनाओं से उपजा आक्रोश वोटिंग के दिन साफ दिखाई दिया। भोपाल में किसानों का आंदोलन भी बीजेपी के खिलाफ एक बड़ा फैक्टर साबित हुआ।

क्या थम जाएगा सियासी सफर?

दतिया में बीजेपी की यह हार और अपने ही बूथ पर पिछड़ जाना नरोत्तम मिश्रा के सियासी भविष्य के लिए एक बड़ा सवालिया निशान बन गया है। नामांकन रैली के दौरान उनका भावुक होना यह साफ संकेत दे रहा था कि पार्टी के भीतर उनकी उपेक्षा कार्यकर्ताओं को रास नहीं आई, जिसका खामियाजा अंततः चुनावी नतीजों के रूप में सामने आया।