Latest News
आंध्र प्रदेश के तट से टकराया भीषण चक्रवात ‘मुरासु’, 120 किमी/घंटा की रफ्तार से चल रही हवाएं; ओडिशा-पुडुचेरी में अलर्ट धीरेंद्र शास्त्री की राम-कृष्ण टिप्पणी पर गर्माई राजनीति: दिग्विजय बोले ‘मूर्ख’, बघेल का कटाक्ष- ‘रेबीज की जांच हो’ रायपुर: श्री सत्य साईं संजीवनी अस्पताल ने पार किया 45 हजार बाल शल्य चिकित्सा का ऐतिहासिक आंकड़ा, मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने जताई खुशी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का रायपुर दौरा आज: ‘विकसित भारत संकल्प पार्क’ का करेंगे उद्घाटन,दौरे का पूरा मिनट-टू-मिनट शेड्यूल राज्योत्सव कार्यक्रम के दौरान एक पत्रकार के साथ मारपीट का मामला सामने आया, CAF आरक्षक निलंबित अरब सागर में भारतीय नौसेना का बड़ा पराक्रम: 48 घंटे के सुनियोजित रेस्क्यू ऑपरेशन में मछली पकड़ने वाले जहाज ‘अजिनी’ और 20 क्रू मेंबर्स सुरक्षित मुक्त
Home » Uncategorized » मास्टरमाइंड सलाखों के पीछे, मोहरे मैदान में! छुरी ज्वेलरी शॉप में कट्टा तानने वाली गैंग का ‘जेल कनेक्शन’ उजागर

मास्टरमाइंड सलाखों के पीछे, मोहरे मैदान में! छुरी ज्वेलरी शॉप में कट्टा तानने वाली गैंग का ‘जेल कनेक्शन’ उजागर

Share:

फिल्मी स्टाइल में लूट की कोशिश! महिला के भेष में कट्टा तानकर पहुंचे बदमाश, 100 से ज्यादा कैमरों ने खोला जेल का ‘सीक्रेट कनेक्शन’

कोरबा (छुरी) 6 जुलाई । चेहरे पर गमछा, एक आरोपी महिला के भेष में, हाथ में चमचमाता हुआ देशी कट्टा और आंखों में झोंकने के लिए मिर्च पाउडर… यह किसी बॉलीवुड फिल्म की स्क्रिप्ट नहीं, बल्कि कोरबा जिले के छुरी स्थित ‘राज ज्वेलर्स’ में दिनदहाड़े हुई लूट की वो खौफनाक कोशिश है, जिसने पूरे इलाके को दहला दिया। हालांकि, व्यापारियों की सूझबूझ और पुलिस की तीसरी आंख (CCTV) के आगे बदमाशों की यह फिल्मी चाल पूरी तरह फेल हो गई।

Advt

ग्राहक बनकर घुसे, फिर छाती पर तान दिया कट्टा

बीती 1 जुलाई की दोपहर करीब 1 बजे, बिना नंबर प्लेट की चोरी की मोटरसाइकिल पर सवार होकर तीन नकाबपोश बदमाश राज ज्वेलर्स पहुंचे। पुलिस के मुताबिक, इनमें से एक आरोपी बाकायदा महिला के कपड़ों में था ताकि किसी को कोई शक न हो।

दुकान में घुसकर उन्होंने पहले चांदी की अंगूठी दिखाने का बहाना किया। जैसे ही दुकानदार काउंटर के पास आया, एक आरोपी ने फुर्ती से दुकान का शटर गिरा दिया, जबकि दूसरे ने सीधे व्यापारी की छाती पर कट्टा तान दिया। विरोध करने पर आंखों में मिर्च पाउडर झोंकने की भी तैयारी थी और तीसरा आरोपी बैग में जेवर भरने ही वाला था कि तभी बाहर लोगों की आहट सुनाई दी। आहट मिलते ही बदमाशों के हौसले पस्त हो गए और वे कट्टा व चोरी की बाइक मौके पर ही छोड़कर दुम दबाकर भाग निकले।

जेल की सलाखों के पीछे रची गई थी ‘पटकथा’

पुलिस कप्तान (SP) सिद्धार्थ तिवारी ने इस हाई-प्रोफाइल मामले का चौंकाने वाला खुलासा किया। जांच में पता चला कि इस पूरी वारदात की प्लानिंग कहीं और नहीं, बल्कि जेल की सलाखों के पीछे हुई थी।

कैसे बनी गैंग? हत्या, दुष्कर्म और अन्य संगीन जुर्मों में पहले ही जेल काट रहे तीन अपराधियों—गोपाल सिंह, परदेशी राठिया और विष्णु प्रसाद की जेल में ही दोस्ती हुई थी। वहीं उन्होंने रिहा होने के बाद एक बड़ी लूट को अंजाम देने का ‘मास्टर प्लान’ तैयार किया था। जेल से बाहर आते ही उन्होंने राज ज्वेलर्स की रेकी की और वारदात को अंजाम दे डाला।

100+ सीसीटीवी और जंगलों में ‘कमांडो’ ऑपरेशन

घटना की गंभीरता को देखते हुए एसपी के निर्देश पर स्पेशल टीम और साइबर सेल को एक्टिव किया गया। पुलिस ने तफ्तीश के दौरान:

  • शहर और आसपास के 100 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली।

  • आरोपी पुलिस से बचने के लिए जंगलों के रास्ते भाग रहे थे, जिसके बाद पुलिस ने जशपुर, पत्थलगांव, धरमजयगढ़, सीतापुर और अंबिकापुर के जंगलों में ताबड़तोड़ दबिश दी।

  • आखिरकार वैज्ञानिक और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर दो आरोपियों—गोपाल सिंह गोंड और परदेशी राठिया को दबोच लिया गया।

दो सलाखों के पीछे, तीसरे की तलाश जारी

पकड़े गए दोनों आरोपियों ने पहले तो पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की, लेकिन कड़े वैज्ञानिक साक्ष्यों के आगे घुटने टेकते हुए अपना गुनाह कबूल कर लिया। पुलिस ने दोनों को कोर्ट में पेश कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। मामले का तीसरा मुख्य आरोपी विष्णु प्रसाद राठिया अभी भी फरार है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए कटघोरा थाना और साइबर सेल की टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं।

#️⃣