Latest News
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एकता नगर में सरदार पटेल की जयंती पर देश को किया संबोधित, कहा- भारत अब रुकने वाला नहीं छत्तीसगढ़ ने खोया एक जनप्रिय नेता: अहिवारा विधायक डोमनलाल कोर्सेवाड़ा राजकीय सम्मान के साथ पंचतत्व में विलीन CM उमर अब्दुल्ला और वरिष्ठ पत्रकार निधि राजदान बंधे शादी के बंधन में, सोशल मीडिया पर तस्वीरें शेयर कर दी खुशखबरी रामलीला मैदान रैली: राहुल गांधी ने मिंटो रोड से अजमेरी गेट तक पैदल यात्रा का किया आह्वान, दिल्ली पुलिस बोली– ‘नहीं मांगी गई मार्च की अनुमति’ छत्तीसगढ़ में अनोखा मामला: DEO ने थाना प्रभारी को थमाया नोटिस, 7 साल तक जेल में बंद रहा शिक्षक और विभाग को भनक तक नहीं लगी! 4 करोड़ का कैश, सीक्रेट चेंबर और कोर्ट का झटका: छत्तीसगढ़ के चर्चित कैश जब्ती मामले में आया नया मोड़!
Home » राजनीति » छत्तीसगढ़ कांग्रेस: जिलाध्यक्षों की सूची बिहार चुनाव के बाद होगी जारी

छत्तीसगढ़ कांग्रेस: जिलाध्यक्षों की सूची बिहार चुनाव के बाद होगी जारी

Share:

 

CG News Congress : छत्तीसगढ़ कांग्रेस में जिलाध्यक्षों की नियुक्ति को लेकर चल रहा संगठन सृजन अभियान अब अंतिम चरण में है। राज्य के लगभग 80% जिलों में चयन प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, जबकि शेष जिलों में दीपावली तक यह काम पूरा कर लिया जाएगा। हालांकि, जिलाध्यक्षों की सूची अब बिहार विधानसभा चुनाव के बाद ही जारी हो पाएगी।

दो अहम बैठकें और सीधी चर्चा

संगठन सृजन अभियान को लेकर कांग्रेस में  दो महत्वपूर्ण बैठकें हुईं। पहली बैठक ऑनलाइन थी, जिसमें एआईसीसी महासचिव केसी वेणुगोपाल, प्रदेश प्रभारी सचिन पायलट, पीसीसी चीफ दीपक बैज और सभी पर्यवेक्षक शामिल हुए। इसमें प्रदेशभर में चल रहे संगठन सृजन अभियान की समीक्षा की गई। दूसरी बैठक में रायपुर शहर के दावेदारों के साथ पर्यवेक्षक प्रफुल्ल गडाधे ने सीधी चर्चा की।

17 पर्यवेक्षक तैयार करेंगे पैनल

प्रदेश में 41 जिलाध्यक्षों की नियुक्ति के लिए 17 पर्यवेक्षक नियुक्त किए गए हैं। ये सभी पर्यवेक्षक अपने-अपने जिलों के लिए 6-6 नामों का पैनल तैयार करेंगे, जिसे कांग्रेस हाईकमान को भेजा जाएगा। पैनल की समीक्षा के बाद अंतिम सूची तय होगी।

हाईकमान की मुहर के बाद ही होगा ऐलान

एआईसीसी द्वारा नियुक्त सभी पर्यवेक्षक फील्ड विज़िट, इंटरव्यू और मूल्यांकन के बाद रिपोर्ट तैयार कर रहे हैं। इनमें दावेदारों की मजबूती, जनाधार, संगठनात्मक अनुभव और विवादों का लेखा-जोखा शामिल होगा। अंतिम फैसला हाईकमान की सहमति के बाद ही लिया जाएगा ।

latest news