रायपुर 20अक्टूबर 2029।छत्तीसगढ़ के रेल परिवहन इतिहास में 20 अक्टूबर का दिन एक ऐतिहासिक मील का पत्थर साबित होने जा रहा है। देश की आजादी के बाद पहली बार बस्तर और दक्षिण छत्तीसगढ़ के दूरस्थ अंचल रावघाट तक भारतीय रेल पहुंचेगी।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की गरिमामयी उपस्थिति में ताड़ोकी – रावघाट रेल लाइन तथा अभनपुर – कुरूद ब्रॉडगेज रेल लाइन का भव्य उद्घाटन किया जाएगा। इस ऐतिहासिक अवसर पर केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कार्यक्रम से जुड़ेंगे।

कार्यक्रम की मुख्य विशेषताएं एवं सौगातें:
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नई यात्री ट्रेनों का शुभारंभ: रावघाट से रायपुर एवं रायपुर से कुरूद के बीच नई यात्री रेल सेवाओं की शुरुआत।
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इलेक्ट्रिक लोको शेड की सौगात: रायपुर में आधुनिक ‘इलेक्ट्रिक रेल इंजन मेंटेनेंस फैसिलिटी’ का शिलान्यास।
बस्तर के विकास को मिलेगी नई रफ्तार
दल्लीराजहरा से रावघाट के बीच 95 किलोमीटर लंबी रेल लाइन का निर्माण लगभग ₹1,628 करोड़ की लागत से पूरा किया गया है। ताड़ोकी से रावघाट के बीच 17.5 किलोमीटर का अंतिम चरण पूर्ण होते ही यह महत्त्वाकांक्षी परियोजना साकार हो गई है।
इस रेल संपर्क से स्थानीय नागरिकों के लिए शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और व्यापार के दरवाजे खुलेंगे। इसके साथ ही, रावघाट क्षेत्र के प्रचुर लौह अयस्क के परिवहन से भिलाई इस्पात संयंत्र (SAIL) और देश के इस्पात उद्योग को भारी मजबूती मिलेगी।
राजधानी रायपुर तक आवागमन होगा सुगम
अभनपुर-धमतरी गेज परिवर्तन परियोजना के तहत अभनपुर से कुरूद के बीच 22 किलोमीटर लंबी ब्रॉडगेज लाइन का कार्य पूरा हो चुका है। इससे क्षेत्र के विद्यार्थियों, किसानों, व्यापारियों और नौकरीपेशा वर्ग को राजधानी रायपुर तक सीधी, त्वरित और सुगम रेल कनेक्टिविटी का लाभ मिलेगा।
रायपुर में बनेगा 300 इंजनों के रखरखाव का केंद्र
रायपुर में स्थापित होने वाली नई मेंटेनेंस फैसिलिटी में भविष्य में 300 हाई हॉर्सपावर इलेक्ट्रिक रेल इंजनों के रखरखाव की आधुनिक क्षमता होगी, जिससे रेल परिचालन और माल ढुलाई क्षमता में अभूतपूर्व सुधार होगा।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का संदेश: “रावघाट तक रेल का पहुंचना सिर्फ पटरी बिछना नहीं, बल्कि बस्तर में विकास, विश्वास और नई संभावनाओं के एक नए दौर का आगाज है। डबल इंजन सरकार का संकल्प है कि विकास का लाभ प्रदेश के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे।”




